, Sept. 8 -- बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में आवागमन तथा राहत सामग्री पहुंचाने के लिए नौकाओं की संख्या बढ़ाकर 201 कर दी गई है। इन नौकाओं के माध्यम से लोगों के आवागमन के साथ खाद्य सामग्री, दवाइयां तथा अन्य आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति भी की जा रही है। राहत एवं बचाव कार्यों को प्रभावी बनाने के लिए एसडीआरएफ की 8 टीम तथा एसएसबी की 2 टीम लगातार सक्रिय हैं।

बाढ़ प्रभावित लोगों को त्वरित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए 20 मेडिकल कैंप तथा 34 एम्बुलेंस तैनात हैं, जिनमें 6 बोट एम्बुलेंस शामिल हैं। सर्पदंश सहित अन्य आपातकालीन परिस्थितियों में तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने के लिए बोट, एसडीआरएफ की बोट एवं एम्बुलेंस को अलर्ट मोड पर रखा गया है। सर्पदंश की घटनाओं में प्रभावित लोगों को त्वरित चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जा रही है।

बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पशुधन की सुरक्षा, उपचार एवं चारे की उपलब्धता के लिए 20 पशु शिविर संचालित किए जा रहे हैं। सभी पशु शिविरों में पर्याप्त मात्रा में पशु चारा एवं आवश्यक दवाइयां उपलब्ध हैं। अब तक पशुपालकों को 1,350 क्विंटल पशु चारा उपलब्ध कराया जा चुका है तथा 2,260 पशुओं का उपचार किया गया है। प्रशासन द्वारा पशुपालकों एवं उनके पशुधन को बाढ़ की स्थिति में किसी प्रकार की कठिनाई न हो, इसके लिए आवश्यक व्यवस्थाएं लगातार सुनिश्चित की जा रही हैं।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित