, Sept. 18 -- स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने कहा कि जिन जिलों में एनसीडी स्क्रीनिंग की प्रगति अपेक्षाकृत कम है, वहां अभियान में और तेजी लाई जाए। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य राज्य के हर घर तक पहुंचकर पात्र लोगों की स्वास्थ्य जांच सुनिश्चित करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि स्क्रीनिंग अभियान को और व्यापक बनाते हुए यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी पात्र व्यक्ति जांच से वंचित न रहे।मंत्री ने कहा कि समय पर बीमारी की पहचान होने से मरीजों को आवश्यक उपचार उपलब्ध कराने में आसानी होती है और गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं को शुरुआती स्तर पर ही नियंत्रित किया जा सकता है। उन्होंने मैदानी स्तर पर कार्यरत स्वास्थ्यकर्मियों को अभियान की गति बढ़ाने तथा अधिक से अधिक पात्र लोगों को स्क्रीनिंग से जोड़ने के निर्देश दिए।
राज्य में नागरिकों तक स्वास्थ्य सेवाओं को और करीब पहुंचाने के उद्देश्य से 02 सितंबर से 30 नवंबर 2026 तक 'जांच एवं उपचार-चिकित्सा आपके द्वार' विशेष अभियान संचालित किया जा रहा है। अभियान के तहत 30 वर्ष से अधिक आयु के नागरिकों की घर-घर जाकर तथा आयुष्मान आरोग्य मंदिर सहित सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों पर स्वास्थ्य जांच एवं स्क्रीनिंग की जा रही है।
अभियान के दौरान मधुमेह, उच्च रक्तचाप, सामान्य कैंसर, हृदय रोग, सांस एवं फेफड़ों से संबंधित रोग तथा फैटी लिवर सहित विभिन्न गैर-संचारी रोगों एवं स्वास्थ्य जोखिमों की पहचान पर विशेष जोर दिया जा रहा है। जांच के दौरान किसी व्यक्ति में बीमारी अथवा स्वास्थ्य संबंधी जोखिम की पहचान होने पर उसे आवश्यकतानुसार चिकित्सकीय परामर्श, उपचार एवं उच्चतर स्वास्थ्य संस्थान से जोड़ा जा रहा है।
स्वास्थ्य विभाग का उद्देश्य गैर-संचारी रोगों की पहचान प्रारंभिक स्तर पर कर मरीजों को समय पर उपचार उपलब्ध कराना है। इसके लिए एएनएम, आशा कार्यकर्ता एवं अन्य स्वास्थ्यकर्मियों के माध्यम से स्क्रीनिंग अभियान को लगातार बढ़ाया जा रहा है। 30 वर्ष से अधिक आयु के सभी नागरिकों से नियमित स्वास्थ्य जांच एवं स्क्रीनिंग कराने की अपील की गई है। समय पर जांच से गंभीर स्वास्थ्य जटिलताओं से बचाव संभव है। 'जांच एवं उपचार-चिकित्सा आपके द्वार' अभियान के माध्यम से अधिक से अधिक लोगों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाई जा रही हैं।
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