बिलासपुर , अप्रैल 16 -- ) छत्तीसगढ़ के बिलासपुर शहर में नकली सिगरेट के कारोबार का बड़ा खुलासा हुआ है। व्यापार विहार के मालधक्का क्षेत्र में नकली 'गोल्ड फ्लैक' सिगरेट की आपूर्ति की जा रही थी। दिल्ली से आई आईटीसी कंपनी की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई करते हुए इस अवैध धंधे का भंडाफोड़ किया।

दरसअल, टीम को पहले से ही बिलासपुर में नकली सिगरेट की बिक्री होने की सूचना मिल रही थी। इसी के आधार पर टीम के सदस्य बुधवार को शहर पहुंचे और सबसे पहले अलग-अलग पान ठेलों तथा दुकानों से सिगरेट के सैंपल एकत्र किए। जांच में यह स्पष्ट हुआ कि बाजार में बिक रही सिगरेट असली नहीं है।

इसके बाद टीम ने आपूर्ति नेटवर्क तक पहुंचने के लिए ग्राहक बनकर सिगरेट की मांग की। संपर्क करने पर उन्हें महाराणा प्रताप चौक के पास निगम कॉलोनी में बुलाया गया, जहां से थोक स्तर पर सिगरेट की आपूर्ति की जा रही थी। यहां पहुंचकर टीम ने रोशन चंदानी की फर्म में रखे माल की जांच की और असली उत्पाद से तुलना की। जांच में पूरा स्टॉक नकली पाया गया।

कार्रवाई के दौरान करीब पांच लाख रुपए कीमत की चार कार्टून सिगरेट जब्त की गई। बताया जा रहा है कि आरोपी कारोबारी शहर के कई छोटे-बड़े दुकानदारों को थोक में यह सिगरेट सप्लाई कर रहा था।

कार्रवाई के बाद टीम सिविल लाइन थाने पहुंची, जहां पुलिस को पूरे मामले की जानकारी दी गई और जब्त माल सुपुर्द किया गया। देर रात तक थाने में जांच और कार्रवाई जारी रही। थाना प्रभारी एसआर साहू ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है, इसके बाद वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

आज मिली जानकारी के मुताबिक नकली सिगरेट का यह कारोबार प्रतिदिन दो लाख रुपए से अधिक का हो सकता है। असली और नकली सिगरेट के बीच अंतर पैकेजिंग की प्रिंटिंग, होलोग्राम, कोड, सिगरेट की बनावट और स्वाद से पहचाना जाता है। घटना की जानकारी मिलते ही आरोपी कारोबारी के परिचित कुछ व्यापारी भी थाने पहुंच गए। देर रात तक वहां लोगों की भीड़ लगी रही। बताया जा रहा है कि कुछ लोगों ने आरोपी के पक्ष में दबाव बनाने की कोशिश भी की।

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