पटना , अप्रैल 19 -- बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने रविवार को कहा कि गर्दनीबाग में बनाया गया बापू टावर महात्मा गांधी के स्थायी विरासत और प्रदर्शों का प्रमाण है। मुख्यमंत्री श्री चौधरी ने आज गर्दनीबाग में बापू टावर का भ्रमण किया। उन्होंने बापू टावर के भूतल, प्रथम, द्वितीय, तीसरा तल, चौथा एवं पांचवें तल पर जाकर विभिन्न दीर्घाओं में प्रदर्शों का अवलोकन किया और वहां की व्यवस्थाओं आदि के संबंध में विस्तृत जानकारी ली।

मुख्यमंत्री श्री चौधरी ने बापू टावर पहुँचकर वहां स्थापित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की मूर्ति पर पुष्प अर्पित कर अपनी श्रद्धांजलि दी।

मुख्यमंत्री श्री चौधरी ने कहा कि बापू टावर महात्मा गांधी के स्थायी विरासत और प्रदर्शों का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि बापू टावर बहुत ही अच्छा बना है, यह लोगों के लिये दर्शनीय और उपयोगी है। बापू की जीवनी, उनके विचारों और उनके आदर्शों को नई पीढ़ी एवं देश के अन्य हिस्सों से आए लोग यहां आकर बेहतर ढंग से चीजों को जान सकेंगे। यहां बापू के जीवन से जुड़ी ऐतिहासिक घटनायें, गांधी जी के विचार, स्वतंत्रता संग्राम में उनकी भूमिका, बिहार से उनके लगाव तथा बापू के आदशों को बेहतर ढंग से रेखांकित कर प्रदर्शित किया गया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिये कि बापू टावर परिसर एवं इसके आसपास हरियाली को और अधिक विकसित करायें।

श्री चौधरी ने भ्रमण के दौरान भूतल पर ही बनाये गये ओरियेंटेशन हॉल में टर्न टेबल थियेटर शो (रोटेटिंग पर्दे) का जायजा लिया। बापू टावर के विभिन्न तलों एवं निर्मित पांच रैम्पों के निरीक्षण के दौरान भवन निर्माण विभाग के सचिव कुमार रवि ने मुख्यमंत्री श्री चौधरी को गांधी जी के जीवन से संबंधित सभी जानकारियां, म्यूरल, कटआउट, स्क्रीन प्रोजेक्टर आदि के माध्यम से प्रदर्शों के बारे में विस्तृत जानकारी दी।

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