वॉशिंगटन , जुलाई 22 -- अमेरिका ने ईरान पर बातचीत को लेकर गंभीर न होने का आरोप लगाया है।

फिलीपींस की राजधानी मनीला में चल रही आसियान विदेश मंत्रियों की बैठक में श्री रुबियो ने कहा, "इस वक्त हमारी समस्या यह है कि वे बातचीत को लेकर गंभीर नहीं हैं। अगर वे गंभीर हैं, तो हम भी गंभीर हैं। अगर वे गंभीर नहीं हैं, तो हम अपने और अपने सहयोगियों के हितों की रक्षा के लिए जो भी जरूरी होगा, वह करेंगे।"कतर, मिस्र, पाकिस्तान और अन्य क्षेत्रीय मध्यस्थों ने अमेरिका और ईरान के समक्ष 10 दिनों के युद्धविराम का प्रस्ताव रखा है।

एक्सियोस की सोमवार रात की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का प्रशासन इस प्रस्ताव की समीक्षा कर रहा है और उसने इजरायल से ऐसे कदम उठाने से बचने का आग्रह किया है, जो कूटनीति के रास्ते बंद कर सकते हैं। इसके साथ ही बातचीत के विफल होने की आशंका के मद्देनजर अमेरिका तैयारियां भी कर रहा है।

रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि इजरायली सेना को 'हाई अलर्ट' पर रखा गया है और वह कुछ ही दिनों में युद्ध के पूर्ण समन्वित अभियान में बदलने की आशंका के मद्देनजर तैयारियां कर रही है।

रिपोर्टों के मुताबिक इस नये युद्धविराम प्रस्ताव में दुश्मनी रोकने, होर्मुज जलडमरूमध्य के जरिये जहाजों की आवाजाही फिर शुरू करने और अमेरिका-ईरान के लिए सहमति पत्र (एमओयू) को बचाने का अवसर देने की बात शामिल है।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित