बदायूं , अप्रैल 4 -- उत्तर प्रदेश के बदायूं जनपद में एक किसान के नाम पर फर्जी फर्म संचालित कर करोड़ों रुपये के टैक्स घोटाले का मामला सामने आया है। आयकर और जीएसटी विभाग द्वारा कुल 14.65 करोड़ रुपये की देनदारी के नोटिस भेजे जाने के बाद पीड़ित किसान न्याय के लिए भटक रहा है।

पुलिस सूत्रों के अनुसार वजीरगंज थाना क्षेत्र के खुर्रमपुर भमोरी मझरा जुल्हैपुरा गांव निवासी किसान भोला सिंह, जो करीब 12 बीघा जमीन पर खेती कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं, को 29 मार्च को आयकर विभाग से 1.02 करोड़ रुपये जमा करने का नोटिस मिला। जांच में पता चला कि उनके नाम से दिल्ली के नारायणा इंडस्ट्रियल एरिया में "राम स्टोर" नामक फर्म संचालित है।

किसान ने बताया कि वह कभी दिल्ली नहीं गया और न ही किसी प्रकार का व्यापार किया है। इसके बावजूद उसे टैक्स नोटिस जारी कर दिया गया। इस बीच जीएसटी विभाग ने भी 13.63 करोड़ रुपये की देनदारी का नोटिस भेज दिया, जिससे कुल देनदारी 14.65 करोड़ रुपये हो गई।

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि संबंधित फर्म में किसान के आधार और पैन कार्ड का उपयोग किया गया है, जिससे यह मामला पहचान पत्रों के दुरुपयोग के जरिए की गई धोखाधड़ी का प्रतीत हो रहा है। पीड़ित किसान ने जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है। जिलाधिकारी अवनीश राय ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एडीएम वित्त एवं डिप्टी कमिश्नर जीएसटी की दो सदस्यीय जांच समिति गठित कर दी है।

जिलाधिकारी ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला धोखाधड़ी और जालसाजी का प्रतीत होता है तथा जांच के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। किसान ने बताया कि इतनी बड़ी राशि वह अपनी पूरी संपत्ति बेचकर भी नहीं चुका सकता और प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर राहत दिलाने की मांग की है।

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