वाराणसी , फरवरी 5 -- काशी के शंकराचार्य घाट स्थित श्री विद्यामठ में गुरुवार को बदरीनाथ धाम के पुजारी समुदाय की शीर्ष संस्था श्री बदरीनाथ डिमरी धार्मिक केंद्रीय पंचायत के अध्यक्ष आशुतोष डिमरी ने प्रतिनिधिमंडल के साथ ज्योतिष्पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी श्री अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती जी महाराज से भेंट की।
शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने बताया कि बदरीनाथ धाम के कपाट खुलने से जुड़ी महत्वपूर्ण परंपरा तेल कलश (गाडू घड़ा) शोभायात्रा में ऋषिकेश से बदरीनाथ धाम के लिए प्रस्थान समारोह में शामिल होने हेतु आमंत्रण पत्र सौंपा और उनसे इस आयोजन में भाग लेने का आग्रह किया। आमंत्रण पत्र स्वीकार करते हुए ऋषिकेश में गाडू घड़ा तेल कलश यात्रा में शामिल होने की सहमति व्यक्त की।
शंकराचार्य के मीडिया प्रभारी संजय पांडेय ने बताया कि प्रयागराज के माघ मेला में ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य जी के साथ हुई घटना के बाद बदरीनाथ धाम से जुड़े इस महत्वपूर्ण धार्मिक उत्सव में उन्हें शंकराचार्य के रूप में आमंत्रित किया जाना अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। परंपरा के अनुसार इस उत्सव में बदरीनाथ के शंकराचार्य को आमंत्रित किया जाता रहा है।
गाडू घड़ा शोभायात्रा दो चरणों में आयोजित होती है। इसमें बदरीनाथ के पुजारी समुदाय (डिमरी) के मूल ग्राम डिम्मर स्थित श्री लक्ष्मी नारायण मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद कपाट खुलने पर डिमरी पुजारियों द्वारा यह कलश बदरीनाथ धाम तक पहुंचाया जाता है।
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