नयी दिल्ली , अगस्त 08 -- नेशनल बुक लवर्स डे नौ अगस्त के अवसर पर, कोफोर्ज पब्लिक लाइब्रेरी ने बच्चों को पढ़ने की आदत डालने के लिए प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से एक 'रीडिंग पासपोर्ट' और एक 'रीडिंग जर्नल' शुरू करने जा रही है।

रीडिंग पासपोर्ट और जर्नल उत्तर प्रदेश के नोएडा, हरियाणा के गुरुग्राम, राजधानी दिल्ली और तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद स्थित सभी कोफोर्ज पब्लिक लाइब्रेरियों में निःशुल्क उपलब्ध होंगे।

इस पहल का उद्देश्य बच्चों के लिए पढ़ने के अनुभव को अधिक रोचक, विचारशील और फायदेमंद बनाना है। रीडिंग पासपोर्ट की मदद से बच्चे अपनी पढ़ी गयी किताबों का ट्रैक रख सकेंगे, नये पड़ावों को चिह्नित कर सकेंगे और अपनी प्रगति का जश्न मना सकेंगे। रीडिंग जर्नल उन्हें थोड़ा ठहरकर यह सोचने और लिखने के लिए प्रेरित करेगा कि हर किताब ने उन्हें क्या नया सिखाया - जैसे नये शब्द, पसंदीदा पात्र, यादगार पल, मुख्य सीख और कहानी से प्रेरित उनके विचार।

कोफोर्ज की चीफ ब्रांड एंड सस्टेनेबिलिटी ऑफिसर, अनुराधा सहगल ने इस मौके पर कहा, " किताबें पढ़ना किसी भी बच्चे में जिज्ञासा, कल्पनाशीलता और आत्मविश्वास विकसित करने के सबसे सशक्त माध्यमों में से एक है। रीडिंग पासपोर्ट और रीडिंग जर्नल बहुत ही सरल टूल हैं, लेकिन हमें उम्मीद है कि ये बच्चों को नियमित रूप से पढ़ने, अपनी प्रगति का जश्न मनाने और हर किताब से मिलने वाली सीख को सहेजने के लिए प्रोत्साहित करेंगे। हम अपने युवा पाठकों के सामने इन्हें पेश करते हुए बेहद उत्साहित हैं। "सुश्री सहगल ने कहा कि निरंतरता और चिंतन दोनों को बढ़ावा देकर, इन टूल्स को इस तरह से डिज़ाइन किया गया है कि बच्चे नियमित रूप से पढ़ने के साथ-साथ अपनी भाषाई क्षमता, आलोचनात्मक सोच, रचनात्मकता और खुद को व्यक्त करने की कला को भी विकसित कर सकें। यह लॉन्च बच्चों के लिए पढ़ने की आदत को एक आनंददायक, सार्थक और फायदेमंद अनुभव बनाने के कोफोर्ज पब्लिक लाइब्रेरी के व्यापक प्रयासों का ही एक हिस्सा है।

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