नयी दिल्ली , जनवरी 15 -- केंद्रीय वस्तु एवं सेवा कर (सीजीएसटी) दक्षिणी दिल्ली कमीशनरेट की कर चोरी रोकने वाली शाखा ने फर्जी बिलों के जरिये कर चोरी करने वाले दो लोगों को गिरफ्तार किया है।
दोनों आरोपियों पर 199.90 करोड़ रुपये के फर्जी बिलों के जरिये 8.52 करोड़ रुपये का अनुचित इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) लाभ लेने का आरोप है।
अधिकारियों ने 12 और 13 जनवरी को आरोपियों के कारोबार के कई ठिकानों, अन्य स्थानों और आवासों पर छापेमारी की और पाया कि वे या तो अस्तित्व में ही नहीं थे या बंद हो चुके थे और वहां काफी कम गतिविधियां थीं।
जांच में पाया गया कि कंपनी के मालिक और उसके पिता ने अनुचित आईटीसी का सीधा फायदा उठाया।
आरोपियों को ड्यूटी मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया गया जहां से उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। मामले की आगे जांच जारी है।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित