फतेहपुर , अगस्त 28 -- उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में इंटरमीडिएट के छात्र तेजस उर्फ यशु की पिटाई के बाद हुई मौत के मामले में नया मोड़ सामने आया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में छात्र के शरीर पर चोटों के निशान मिलने की बात सामने आई है।

परिजनों की ओर से स्कूल प्रबंधन के खिलाफ तहरीर दिए जाने के बावजूद पुलिस ने अब तक मुकदमा दर्ज नहीं किया है। मामला मुख्यमंत्री कार्यालय तक पहुंच गया है और मृतक छात्र की मां ने मुख्यमंत्री से न्याय की गुहार लगाई है। तेजस मुरांव गांव का रहने वाला था और सदर कोतवाली क्षेत्र के शिवपुरम स्थित सरस्वती बाल मंदिर इंटर कॉलेज में कक्षा 12वीं-बी का छात्र था। वह अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था।

परिजनों ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया है कि स्कूल में चेकिंग के दौरान तेजस के पास नकल की पर्ची मिलने का दावा किया गया था। इसके बाद उसे स्कूल से रिस्टीकेट कर दिया गया और परिजनों के आरोप के मुताबिक स्कूल परिसर में उसके साथ मारपीट की गई। स्कूल प्रशासन की ओर से उस पर 1,500 रुपये का जुर्माना लगाए जाने का भी आरोप है।

परिजनों के अनुसार, पिटाई के बाद तेजस की हालत बिगड़ गई। उसे तत्काल जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने हालत गंभीर होने पर कानपुर रेफर कर दिया। कानपुर ले जाते समय रास्ते में उसकी मौत हो गई।

सूचना के बाद पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया। परिजनों के मुताबिक, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में छात्र के शरीर पर कई चोटों के निशान पाए गए हैं। रिपोर्ट सामने आने के बाद मामले ने नया मोड़ ले लिया है। मृतक की मां ने स्कूल प्रबंधन के खिलाफ पुलिस को लिखित तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। हालांकि, अब तक मुकदमा दर्ज नहीं होने से परिजनों में आक्रोश है। मृतक की मां ने मुख्यमंत्री से मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और परिवार को न्याय दिलाने की गुहार लगाई है।

पुलिस की ओर से मामले में मुकदमा दर्ज किए जाने और आगे की कार्रवाई को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं की गई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और परिजनों की तहरीर के आधार पर पुलिस जांच के बाद ही छात्र की मौत की वास्तविक परिस्थितियां स्पष्ट हो सकेंगी।

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