भरतपुर , जुलाई 19 -- राजस्थान में डीग जिले के गोपालगढ़ थाना क्षेत्र में गोपालगढ़ स्थित मील मदरसे में सेफ्टी टैंक की सफाई के दौरान हुए हादसे की गंभीरता को देखते हुए रविवार को भरतपुर रेंज की पुलिस महानिरीक्षक डॉ. प्रीति चंद्रा, जिला कलेक्टर मयंक मनीष और पुलिस अधीक्षक कांबले शरण गोपीनाथ ने घटनास्थल का दौरा किया।
आधिकारिक सू्त्रों ने बताया कि इस अवसर पर मदरसे के छात्रावास, छात्राओं के कमरों, पुस्तकालय और अन्य भवनों की सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण करते हुए अधिकारियों ने परिसर में छात्राओं की सुरक्षा के लिए किये गये इंतजामों और संभावित लापरवाही के बिंदुओं की जांच की।
निरीक्षण के दौरान डाॅ चंद्रा ने इस बात पर जोर दिया कि यह जांच का विषय है कि नाबालिग छात्राएं सेफ्टी टैंक तक कैसे पहुंचीं। उन्होंने कहा कि सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी स्तर पर लापरवाही पायी जाती है, तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जिला कलेक्टर मनीष ने बताया कि हादसे की निष्पक्ष और विस्तृत जांच के लिए पांच सदस्यीय जांच समिति का गठन किया गया है। यह समिति पूरे घटनाक्रम की जांच करके पता लगाएगी कि हादसा किन परिस्थितियों में हुआ। सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था या नहीं। किसी अधिकारी या प्रबंधन की लापरवाही सामने आती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस अधीक्षक कांबले शरण गोपीनाथ ने बताया कि इस मामले में मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस सभी पहलुओं की गहनता से जांच कर रही है, जिसमें प्रत्यक्षदर्शियों, मदरसा प्रबंधन और संबंधित लोगों के बयान लेना शामिल है। घटनास्थल से तकनीकी और अन्य साक्ष्य भी जुटाये जा रहे हैं।
उल्लेखनीय है कि इस सेफ्टी टैंक में उतरने के दौरान हुए हादसे में 16 वर्षीय एक छात्रा की मौत हो गयी, जबकि 10 से अधिक छात्राएं घायल हुई थी।
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