पीलीभीत , अप्रैल 17 -- उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले में लोन दिलाने का झांसा देकर एक व्यापारी की जीएसटी आईडी और पासवर्ड का दुरुपयोग कर करीब सात करोड़ रुपये के फर्जीवाड़े का मामला सामने आया है। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कोतवाली पुलिस के अनुसार मोहल्ला छोटा खुदागंज निवासी और शाहजी इंटरप्राइजेज के प्रोपराइटर मो. नईम ने तहरीर देकर शिकायत दर्ज कराई कि कुछ समय पहले अजमल उर्फ समीर राणा नामक व्यक्ति ने उनसे संपर्क कर स्वयं को बैंक से लोन दिलाने वाला एजेंट बताया। आरोपी की बातों में आकर उन्होंने 12 जनवरी को लोन प्रक्रिया के लिए अपनी जीएसटी आईडी, पासवर्ड और आधार कार्ड की जानकारी उसे दे दी। पिछली 13 मार्च को जीएसटी कार्यालय से फोन आने पर मामले का खुलासा हुआ। उन्हें बताया गया कि उनकी आईडी से लगभग सात करोड़ रुपये की खरीदारी दर्शाई गई है, जबकि उसका रिटर्न दाखिल नहीं किया गया।
जांच में सामने आया कि आरोपी ने करीब 13 अलग-अलग फर्जी फर्मों के नाम पर फर्जी बिल जारी किए थे। इनमें नरेंद्र कुमार यादव एस. इंटरप्राइजेज और देवरत सिंह देव इंटरप्राइजेज जैसी फर्में शामिल बताई गई हैं। पीड़ित का आरोप है कि जब उन्होंने आरोपी से संपर्क किया तो उसने अभद्रता की और जान से मारने की धमकी दी।
नगर कोतवाल सत्येंद्र कुमार ने बताया कि शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की गहराई से जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस अब उन 13 फर्मों के रिकॉर्ड की जांच कर रही है, जिनके नाम पर कथित फर्जी बिल जारी किए गए थे।
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