बेंगलुरु , सितंबर 04 -- कर्नाटक में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता आर. अशोक ने शुक्रवार को राज्य सरकार पर आरोप लगाया कि उसने जनता के दबाव में आकर पार्क की ज़मीन का पांच प्रतिशत हिस्सा अवसंरचना परियोजना के लिए इस्तेमाल करने की इजाज़त देने वाला अपना विवादित प्रस्ताव वापस लिया है।

श्री अशोक ने यहां संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुे कहा कि भाजपा के 'पार्क बचाओ, बेंगलुरु बचाओ' अभियान के बाद सरकार को एक और बार अपना फ़ैसला बदलना पड़ा है। उन्होंने कहा, "सरकार बेंगलुरु के पार्कों का व्यावसायीकरण करना चाहती थी। अब भाजपा के विरोध के डर से उसने विधेयक को वापस ले लिया है। एक महीने में भाजपा की यह दूसरी जीत है।"उन्होंने वाल्मीकि विकास निगम मामले में पूर्व मंत्री बी. नागेंद्र के इस्तीफ़े का उल्लेख करते हुए चेतावनी दी कि भाजपा सरकार को यह प्रस्ताव दोबारा पेश नहीं करने देगी। उन्होंने कहा, "यह विधेयक दोबारा न लाएं। हम बेंगलुरु के पार्कों को खत्म नहीं होने देंगे।" उन्होंने मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार पर बेंगलुरु की हरियाली को रियल-एस्टेट के नज़रिए से देखने का आरोप लगाया और कहा कि प्रस्तावित प्रावधान से एक खतरनाक मिसाल कायम हो सकती थी, क्योंकि भविष्य में ज़मीन के इस्तेमाल की इजाज़त और बढ़ सकती थी। उन्होंने बताया कि बेंगलुरु में 1,523 पार्क हैं। 240 एकड़ के लालबाग का पांच प्रतिशत हिस्सा लगभग 12 एकड़ और 192 एकड़ के कब्बन पार्क का पांच प्रतिशत हिस्सा लगभग 10 एकड़ होगा।

उन्होंने कहा, "लालबाग बनाने वालों का विज़न बेंगलुरु को 'पार्कों का शहर ' बनाना था। आज के शासक हरियाली के बजाय रियल एस्टेट पर ध्यान दे रहे हैं।" उन्होंने कहा कि हरियाली वाली जगहों के कम होने से बेंगलुरु में बाढ़ की समस्या और गंभीर हो जाएगी, खासकर एचएसआर लेआउट, जयनगर और हेब्बल जैसे इलाकों में। उन्होंने सरकार के प्रस्तावित सुरंग सड़क परियोजना पर भी निशाना साधा और आरोप लगाया कि इसे राजाकालुवे (तूफानी पानी की नालियों) की ठीक से सफाई किए बिना या शहर के ड्रेनेज नेटवर्क को मजबूत किए बिना आगे बढ़ाया जा रहा है।

उन्होंने कहा, "अगर ड्रेनेज सिस्टम को ठीक किए बिना टनल रोड बनाई गई, तो सड़कें पानी जमा करने वाली टंकियां बन जायेंगी।" उन्होंने बताया कि भाजपा बड़े पैमाने पर लामबंदी की तैयारी कर रही है, जिसमें पार्कों में विधायकों और पूर्व पार्षदों का विरोध-प्रदर्शन और पांच लाख हस्ताक्षर जुटाने का अभियान शामिल है। उन्होंने कहा कि लोगों का समर्थन हासिल करने के लिए योग और लाफ्टर क्लबों से भी संपर्क किया गया है।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित