हैदराबाद , जून 05 -- भारतीय जनता पार्टी की तेलंगाना इकाई ने प्रस्तावित परिसीमन विधेयक पर विभिन्न राजनीतिक दलों के साथ विचार-विमर्श करने की केन्द्र सरकार की पहल का शुक्रवार को स्वागत किया और कहा कि यह कदम आम सहमति बनाने तथा सहकारी संघवाद के प्रति केंद्र की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
तेलंगाना भाजपा के मुख्य प्रवक्ता और मीडिया प्रभारी एनवी सुभाष ने यहां जारी एक विज्ञप्ति में कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार ने राष्ट्रीय महत्व के मामलों पर विपक्षी दलों सहित सभी हितधारकों के साथ जुड़ने की अपनी इच्छा लगातार दिखायी है। उन्होंने कहा कि परिसीमन प्रक्रिया पर चिंता जताने वाले दलों सहित क्षेत्रीय दलों तक पहुंच बनाना शासन के प्रति भाजपा के समावेशी दृष्टिकोण को प्रदर्शित करता है।
श्री सुभाष ने कहा, "अतीत में देखी गयी टकराव और विभाजन की राजनीति के विपरीत, भाजपा का मानना है कि सार्थक संवाद और विचार-विमर्श लोकतंत्र को मजबूत करते हैं तथा इसके बेहतर नीतिगत परिणाम सामने आते हैं।"परिसीमन को लोकतांत्रिक प्रतिनिधित्व के लिए दीर्घकालिक प्रभावों वाली एक प्रमुख संवैधानिक प्रक्रिया बताते हुए उन्होंने कहा कि व्यापक राजनीतिक आम सहमति विकसित करने के प्रयास आवश्यक और स्वागत योग्य दोनों हैं।
हालिया मीडिया रिपोर्टों का हवाला देते हुए श्री सुभाष ने कहा कि केंद्र के संसद के आगामी मानसून सत्र में परिसीमन विधेयक पर चर्चा को आगे बढ़ने की उम्मीद है।
उन्होंने आगे कहा कि द्रविड़ मुनेत्र कड़गम ( द्रमुक) और तृणमूल कांग्रेस सहित कई क्षेत्रीय दलों के साथ उनकी चिंताओं को समझने और रचनात्मक जुड़ाव को बढ़ावा देने के लिए विचार-विमर्श किया जा रहा है।
श्री सुभाष ने कहा कि भाजपा का हमेशा से यह रुख रहा है कि देश के लोकतांत्रिक ढांचे से जुड़े मुद्दों को दलीय राजनीति से ऊपर उठना चाहिए। उन्होंने कहा कि परिसीमन का उद्देश्य नागरिकों के लिए निष्पक्ष और समान प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करना है।
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