चंडीगढ़, 21अगस्त (वार्ता) पंजाब कांग्रेस ने 2027 के विधानसभा चुनावों की तैयारियां शुरू कर दी हैं। पार्टी की नवनियुक्त घोषणापत्र समिति ने फैसला किया है कि आगामी चुनाव के लिए घोषणापत्र को 'जनता का घोषणापत्र' बनाया जाएगा। इसके लिए राज्य के सभी वर्गों से सुझाव और मांगें ली जाएंगी।
कांग्रेस कमेटी द्वारा गठित घोषणापत्र समिति की पहली बैठक शुक्रवार को चंडीगढ़ में हुई। बैठक की अध्यक्षता समिति के चेयरमैन डॉ. अमर सिंह ने की। इसमें पूर्व पंजाब मंत्री परगट सिंह, अमृतसर के सांसद गुरजीत सिंह औजला और हरदियाल सिंह कंबोज शामिल हुए।
बैठक में घोषणापत्र तैयार करने की प्रक्रिया पर विस्तार से चर्चा की गयी। समिति ने जोर दिया कि घोषणापत्र केवल पार्टी स्तर पर तैयार दस्तावेज नहीं होना चाहिए, बल्कि इसमें पंजाब के लोगों की आकांक्षाओं, चिंताओं और प्राथमिकताओं की वास्तविक झलक होनी चाहिए।
समिति आने वाले दिनों में पंजाब के विभिन्न हिस्सों का दौरा करेगी और अलग-अलग वर्गों के साथ विचार-विमर्श करेगी। इसमें व्यापार एवं कर्मचारी यूनियनों, विभिन्न संगठनों, आर्थिक एवं सामाजिक संस्थाओं, सिविल सोसायटी समूहों, बुद्धिजीवियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और आम नागरिकों से सुझाव लिए जाएंगे।
डॉ. अमर सिंह ने कहा कि इन बैठकों के दौरान सामने आने वाले सुझावों और मांगों पर विचार किया जाएगा और संभव होने पर उन्हें अंतिम घोषणापत्र में शामिल किया जाएगा। समिति ने पंजाब के सामने मौजूद गहरे और लंबे समय से चले आ रहे मुद्दों की पहचान करने तथा उनके समाधान के लिए व्यापक स्तर पर विचार-विमर्श करने का भी निर्णय लिया है। इसका उद्देश्य केवल सामान्य चुनावी वादों तक सीमित रहने के बजाय राज्य के विभिन्न क्षेत्रों और वर्गों की समस्याओं के ठोस समाधान पर ध्यान केंद्रित करना है।
घोषणापत्र समिति जल्द ही राज्यव्यापी परामर्श कार्यक्रम शुरू करेगी। इसके तहत समिति के सदस्य पंजाब के अलग-अलग हिस्सों में जाकर लोगों और विभिन्न हितधारकों से सीधे संवाद करेंगे।
कांग्रेस नेताओं के अनुसार, इस पूरी कवायद का उद्देश्य ऐसा घोषणापत्र तैयार करना है, जिसमें पंजाब के हर वर्ग और क्षेत्र की आवाज और आकांक्षाएं प्रतिबिंबित हों तथा जो व्यापक जनभागीदारी से तैयार किया गया दस्तावेज हो।
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