चंडीगढ़ , सितंबर 18 -- हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि पंचकूला महानगरीय क्षेत्र के समग्र विकास के लिए वित्त वर्ष 2026-27 में विकास कार्यों के लिए 829.23 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है। इसमें 812.60 करोड़ रुपये पूंजीगत कार्यों पर खर्च होंगे। करीब 449.23 करोड़ रुपये बुनियादी ढांचे, 270.59 करोड़ रुपये संचालन एवं रखरखाव और 41.83 करोड़ रुपये शहरी पर्यावरण से जुड़े कार्यों पर खर्च किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य शहरों का विस्तार करने के साथ नागरिकों को बेहतर, सुरक्षित, स्वच्छ और आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराना है। जल निकासी, सीवरेज, सड़क, हरित क्षेत्र, स्वच्छता और आधुनिक शहरी प्रबंधन पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
पंचकूला की करीब 45 वर्ष पुरानी जल निकासी व्यवस्था को आधुनिक तकनीक से मजबूत किया जा रहा है। गीता चौक से टाउन पार्क तक 5.50 करोड़ रुपये की लागत से 900 मिलीमीटर व्यास वाले बरसाती नाले का पुनर्वास मशीन वाउंड स्पाइरल लाइनिंग तकनीक से किया जा चुका है। टाउन पार्क से सिंह नाला तक 38.87 करोड़ रुपये की लागत से जल निकासी तंत्र को मजबूत करने का कार्य शुरू किया गया है।
पंचकूला में हरित क्षेत्र और पर्यावरण संबंधी कार्यों के लिए 41.83 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। प्रस्तावित सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांटों से उपचारित पानी का इस्तेमाल पार्कों और हरित पट्टियों में किया जाएगा। सेक्टर-7सी में 10 एमएलडी क्षमता के एसटीपी के लिए 24.60 करोड़ और सेक्टर-5सी में 6 एमएलडी क्षमता के एसटीपी के लिए 28.49 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है।
पंचकूला में 14 राउंडअबाउट्स का सौंदर्यीकरण किया गया है। प्रमुख सड़कों और राउंडअबाउट्स पर पौधे और पुष्प क्यारियां विकसित की गई हैं। शहर में आधुनिक तकनीक आधारित एकीकृत कमान एवं नियंत्रण केंद्र स्थापित करने का प्रस्ताव भी है। इसकी अनुमानित लागत 208 करोड़ रुपये है।
पंचकूला के सेक्टर-32 में विश्वस्तरीय निशानेबाजी खेल परिसर विकसित किया जा रहा है। परियोजना के लिए 173.48 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई थी, जबकि बातचीत के बाद करीब 109.80 करोड़ रुपये की निविदा राशि स्वीकृत हुई है। इसका काम इस वर्ष 16 जून को शुरु हुआ और 24 माह में पूरा करने का लक्ष्य है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विकास परियोजनाओं की नियमित समीक्षा की जा रही है। अधिकारियों को गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि योजनाओं का वास्तविक लाभ नागरिकों तक पहुंच सके।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित