नयी दिल्ली , मई 18 -- महाभियोग प्रस्ताव का सामना कर रहे उच्च न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति यशवंत वर्मा से जुड़े आरोपों की जांच कर रही न्यायाधीशों की जांच समिति ने सोमवार को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को यहां अपनी रिपोर्ट सौंपी।
लोकसभा सचिवालय की विज्ञप्ति के अनुसार न्यायाधीश (जांच) अधिनियम, 1968 के तहत वैधानिक आवश्यकताओं के अनुपालन में प्रस्तुत की गई इस रिपोर्ट को यथा समय संसद के दोनों सदनों के पटल पर रखा जाएगा।
जांच समिति का गठन 12 अगस्त 2025 को लोक सभा अध्यक्ष द्वारा किया गया था।
जांच समिति के पीठासीन अधिकारी और उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति अरविंद कुमार, बॉम्बे उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति चंद्रशेखर तथा कर्नाटक उच्च न्यायालय के वरिष्ठ अधिवक्ता बी.वी.आचार्य ने आज संसद भवन में लोकसभा अध्यक्ष को जांच समिति की रिपोर्ट सौंपी।
गौरतलब है कि इलाहाबाद उच्च न्यायालय में पदस्थ रहे न्यायमूर्ति वर्मा ने पिछले महीने अपना इस्तीफा राष्ट्रपति को भेज दिया था।
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