सीतापुर , अक्टूबर 28 -- उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले में उत्तर रेलवे मुरादाबाद मंडल के ऐतिहासिक एवं पौराणिक महत्व से जुड़े नैमिषारण्य रेलवे स्टेशन पर बुधवार को स्टेशन महोत्सव का आयोजन किया गया। इस आयोजन का उद्देश्य स्टेशन की ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक महत्व को रेखांकित करने के साथ-साथ स्थानीय नागरिकों तीर्थ यात्रियों और रेलवे के बीच जुड़ाव को और अधिक सुधार करना तथा यात्री सुविधाओं के विकास के प्रति प्रतिबद्धता को प्रदर्शित करना रहा।

समारोह को संबोधित करते हुए अपर मंडल रेल प्रबंधक इंफ्रा प्रेम शंकर झा ने कहा कि नैमिषारण्य 88 हजार ऋषियों की पावन भूमि के रूप में विख्यात है। यह स्थान देश भर के श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र है। नैमिषारण्य रेलवे स्टेशन को आधुनिक यात्री सुविधाओं से सुसज्जित करना तथा देश के विभिन्न भागों से आने वाले श्रद्धालुओं की रेल यात्रा को सुरक्षित ,सुगम एवं सुविधाजनक बनाना हमारी प्राथमिकताओं में शामिल है। रेलवे स्थानीय नागरिकों और यात्रियों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए स्टेशन के विकास के लिए निरंतर प्रयासरत है।

इस अवसर पर वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक विपिन शर्मा ने अपने संबोधन में कहा की नैमिषारण्य का धार्मिक एवं सांस्कृतिक महत्व देश भर में है। यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं पर्यटक दर्शन के लिए आते हैं. ऐसे में रेलवे की जिम्मेदारी है कि यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ-साथ उनकी यात्रा को सहज, सुविधाजनक और सुखद बनाया जाए. स्टेशन महोत्सव जैसे आयोजन रेलवे और आमजन के बीच संवाद एवं सहभागिता को बढ़ावा देते हैं. हमारा प्रयास रहेगा कि वाणिज्यिक सेवाओं, यात्री सहायता, स्वच्छता तथा यात्रियों को उपलब्ध कराई जाने वाली सुविधाओं में निरंतर सुधार किया जाए।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित