पटना, अक्टूबर 13 -- िहार की राजधानी पटना के एक हॉस्टल में रहकर नीट परीक्षा की तैयारी कर रही छात्रा की संदिग्ध मौत के मामले में केंद्रीय जाँच ब्यूरो(सीबीआई)की ओर से दाखिल की गई क्लोजर रिपोर्ट पर सुनवाई के दौरान मंगलवार को विशेष अदालत ने सवालों की सूची सौंपते हुए पक्षकारों से जवाब मांगा।

बालकों का लैंगिक अपराध से संरक्षण अधिनियम (पॉक्सो एक्ट) के विशेष न्यायाधीश राजीव रंजन रमन की अदालत में सीबीआई की ओर से दाखिल की गई क्लोजर रिपोर्ट पर अदालत ने आज सुनवाई की और सीबीआई को 68 प्रश्नों की सूची जबकि सूचक को 39 प्रश्नों की सूची सौंपते हुए जवाब मांगा है। अदालत ने पक्षकारों को अपना जवाब दाखिल करने के लिए मामले में 06 नवंबर 2026 की अगली तिथि निश्चित की है । इस बीच सूचक की ओर से मामले में आज विरोध सह परिवाद पत्र दाखिल किया गया जिसमें सीबीआई के अनुसंधान पर सवाल उठाते हुए सीबीआई की ओर से दाखिल किए गए क्लोजर रिपोर्ट को अस्वीकार करने और विरोध सह परिवाद पत्र के आधार पर मुकदमे मे संज्ञान लेने या आगे अनुसंधान का आदेश पारित करने की प्रार्थना की गई है।

गौरतलब है कि 09 जनवरी 2026 को चित्रगुप्त नगर थाना की पुलिस ने पीड़िता के पिता के बयान पर इस मामले की मूल प्राथमिकी दर्ज की थी । आरोप के अनुसार पीड़िता अपने हास्टल में बेहोश पायी गयी थी। पीड़िता के पिता ने अपनी पुत्री के शरीर पर चोट के निशान पाये जाने की बात कही थी। साथ ही, उसके साथ शारीरिक सम्बन्ध बनाने का प्रयास किये जाने का भी शक जाहिर किया था। बाद में इलाज के दौरान पीड़िता की मृत्यु अस्पताल में हो गई थी। मृतिका को नाबालिग पाए जाने के बाद मामले का मूल अभिलेख पॉक्सो एक्ट की विशेष अदालत को सौंप दिया गया था । बिहार सरकार ने मामले की जांच सीबीआई को सौंपे जाने की सिफारिश की थी जिसके बाद मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी गई थी । सीबीआई ने आरसी 07/2026 के रूप में अपनी प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच करने के बाद मामले में क्लोजर रिपोर्ट दाखिल किया है।

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