पुड्डुचेरी , जून 26 -- केंद्रीय वित्त एवं कॉर्पोरेट मामलों की मंत्री निर्मला सीतारमण ने विरासत संरक्षण और जल संसाधनों को पुनर्जीवित करने की दिशा में शुक्रवार को एक बड़ा कदम उठाते हुये केंद्र शासित प्रदेश पुड्डुचेरी के पूरणनकुप्पम स्थित सरकारी माध्यमिक विद्यालय के ऐतिहासिक 'मुलियान कुलम' तालाब का दोबारा उद्घाटन किया है।
लगभग 400 साल पुराना यह मुलियान कुलम तालाब लंबे समय से इस क्षेत्र के पर्यावरण और सामुदायिक जीवन का एक बेहद अहम हिस्सा रहा है।
पुराने समय में यह तालाब पेयजल का एक मुख्य जरिया हुआ करता था, जिससे खेती-किसानी के कामों को सहारा मिलता था और इसके साथ ही देवी अंगला परमेश्वरी मंदिर के धार्मिक अनुष्ठानों के लिए भी यहीं से पानी लिया जाता था।
वक्त के साथ देखरेख की कमी, कीचड़-मिट्टी जमा होने और अवैध कब्जों के कारण यह ऐतिहासिक तालाब उपेक्षा का शिकार हो गया। इन सब वजहों से यह तालाब पूरी तरह बेकार हो गया और स्थानीय लोगों के जीवन में इसकी भूमिका धीरे-धीरे खत्म हो गयी। अब एक बड़े और व्यापक जीर्णोद्धार अभियान के बाद, इस जल निकाय को साफ करके इसके पुराने और असली रूप में वापस ला दिया गया है। इस पूरे परियोजना के तहत तालाब से कीचड़ निकाला गया, इसके बांधों को मजबूत किया गया और अवैध कब्जों को हटाया गया, ताकि यह तालाब एक बार फिर से लोगों की जरूरतों को पूरा कर सके। मुलियान कुलम तालाब के इस पुनरुद्धार से इलाके में भूजल का स्तर सुधरने की उम्मीद है, जिससे स्थानीय खेती को बढ़ावा मिलेगा और एक महत्वपूर्ण सांस्कृतिक और पर्यावरणीय धरोहर का कायाकल्प हो सकेगा। स्थानीय निवासियों ने इस पहल का पूरे दिल से स्वागत किया है और उम्मीद जतायी है कि सुधरा हुआ यह तालाब आने वाली पीढ़ियों के लिए भी फायदेमंद साबित होगा।
यह पूरी परियोजना पारंपरिक जल निकायों को बचाने और लगातार कोशिशों के जरिए अपनी ऐतिहासिक धरोहरों को फिर से जीवित करने के महत्व का एक बेहतरीन उदाहरण है।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित