आगरमालवा , जुलाई 04 -- मध्यप्रदेश के आगरमालवा जिले में निजी विद्यालयों द्वारा मनमाने ढंग से फीस वृद्धि एवं निर्धारित दुकानों से पुस्तकें-यूनिफॉर्म खरीदने के दबाव की शिकायतों पर प्रभावी नियंत्रण हेतु जिला कलेक्टर प्रीति यादव के निर्देशानुसार जिला एवं विकासखंड स्तर पर शिकायत निवारण समितियों के गठन के आदेश जारी किए गए हैं।

जिला शिक्षा अधिकारी सौरभ जैन ने बताया कि शैक्षणिक सत्र प्रारंभ से म.प्र. निजी विद्यालय (फीस एवं संबंधित अन्य विषयों का विनियमन) अधिनियम 2017 एवं नियम-2020 प्रभावशील हैं।

अधिनियम की कंडिका-6 के अनुसार निजी विद्यालय प्रबंधन द्वारा छात्र, अभिभावकों को पुस्तकें, यूनिफॉर्म, जूते, कॉपी आदि केवल चयनित विक्रेताओं से खरीदने हेतु बाध्य नहीं किया जा सकेगा। अभिभावक सामग्री खुले बाजार से क्रय करने हेतु स्वतंत्र रहेंगे।

श्री जैन ने अभिभावकों से अपील की है कि निजी विद्यालयों द्वारा मनमानी फीस वसूली, विशेष दुकानों से सामग्री खरीद का दबाव जैसी शिकायतें संबंधित विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय एवं जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में गठित समिति के समक्ष दर्ज कराएं, ताकि समयबद्ध जांच एवं नियमानुसार कार्रवाई की जा सके।

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