हरिद्वार , जून, 16 -- उत्तराखंड में महिला एवं बाल अपराधों के प्रति हरिद्वार पुलिस की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत मंगलौर पुलिस ने मंगलवार को नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में करीब दो माह से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी ने गिरफ्तारी से बचने के लिए खुद को मृत साबित करने की साजिश रची और अपने कपड़े, जूते व अन्य सामान नहर किनारे छोड़कर पुलिस को गुमराह करने का प्रयास किया था।

पुलिस के अनुसार अप्रैल 2026 में कोतवाली मंगलौर क्षेत्र के एक व्यक्ति ने अपनी सात वर्षीय पुत्री के साथ दुष्कर्म किए जाने की शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के आधार पर आरोपी नीटू उर्फ ज्ञानेंद्र के खिलाफ पोक्सो अधिनियम तथा भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था।

मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार के निर्देश पर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण और क्षेत्राधिकारी मंगलौर के पर्यवेक्षण में विशेष पुलिस टीमों का गठन किया गया। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दी गई, लेकिन वह फरार चल रहा था। इस दौरान पुलिस ने आरोपी के खिलाफ न्यायालय से गैर-जमानती वारंट (एनबीडब्ल्यू) भी प्राप्त किया।

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