कानपुर , जुलाई 30 -- वर्षाकाल की समाप्ति के बाद कानपुर बोट क्लब का संचालन नवंबर माह से नए आकर्षणों एवं बेहतर सुविधाओं के साथ शुरू किया जाएगा। इसके लिए पर्यटन सुविधाओं के विस्तार, सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने तथा जलक्रीड़ा गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए समग्र कार्ययोजना तैयार की जाएगी। यह निर्णय गुरुवार को कानपुर बोट क्लब समिति की बैठक में लिया गया। बैठक की अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष एवं कानपुर मंडल के आयुक्त के. विजयेन्द्र पाण्डियन ने अपने कैंप कार्यालय में की।
बैठक में सचिव (प्रशासन) कानपुर बोट क्लब एवं अपर जिलाधिकारी (नगर) आलोक कुमार गुप्ता ने बताया कि कानपुर बोट क्लब जनपद की प्रमुख पर्यटन परियोजनाओं में शामिल है। इसे अधिक आकर्षक बनाने के उद्देश्य से परिसर में कवर्ड एरिया सहित अन्य आवश्यक पर्यटन सुविधाओं के विकास का प्रस्ताव प्रस्तुत किया गया।
विस्तृत विचार-विमर्श के बाद आयुक्त ने बोट क्लब के संचालन के लिए चयनित फर्म से अतिरिक्त विकास कार्यों के प्रस्ताव प्राप्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने गंगा नदी संरक्षण से संबंधित सभी प्रावधानों का पालन सुनिश्चित करते हुए पर्यटकों के लिए नए आकर्षण विकसित करने तथा बोट क्लब एवं गंगा तट की सुरक्षा व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाने पर विशेष जोर दिया।
समिति के उपाध्यक्ष एवं कानपुर विकास प्राधिकरण (केडीए) के उपाध्यक्ष अंकुर कौशिक ने सुझाव दिया कि वर्षाकाल में सुरक्षा कारणों से बोटिंग गतिविधियां प्रतिबंधित रखी जाएं, लेकिन इस अवधि में भी पर्यटकों को गंगा नदी के प्राकृतिक सौंदर्य का सुरक्षित अनुभव कराने के लिए वैकल्पिक व्यवस्थाएं विकसित की जाएं।
आयुक्त ने सचिव (इन्फ्रास्ट्रक्चर) तथा सचिव, केडीए को निर्देश दिए कि समग्र कार्ययोजना तैयार कर टेंडर प्रक्रिया शीघ्र पूरी की जाए, ताकि वर्षाकाल के कारण 10 अक्टूबर तक प्रस्तावित बंदी के बाद नवंबर से कानपुर बोट क्लब का संचालन नए आकर्षणों और उन्नत सुविधाओं के साथ पर्यटकों एवं शहरवासियों के लिए शुरू किया जा सके।
बैठक में सचिव, जलक्रीड़ा, कानपुर बोट क्लब नीरज श्रीवास्तव ने बताया कि उत्तर प्रदेश क्याकिंग एवं कैनोइंग एसोसिएशन के सहयोग से नवंबर और दिसंबर में राज्य स्तरीय जलक्रीड़ा प्रतियोगिताओं के आयोजन की भी योजना बनाई जा रही है।
बैठक में केडीए के उपाध्यक्ष अंकुर कौशिक, नगर आयुक्त, सचिव केडीए, अपर जिलाधिकारी (नगर), पुलिस उपायुक्त (यातायात), सचिव (जलक्रीड़ा) नीरज श्रीवास्तव, अपर पुलिस उपायुक्त (सेंट्रल) सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
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