रायपुर , जुलाई 11 -- छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा ने नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में राहत, पुनर्वास और विकास कार्यों में तेजी लाने के निर्देश देते हुए आज कहा है कि जिन नक्सल आरोपियों के विरुद्ध जनहानि के गंभीर मामले नहीं हैं, उनके प्रकरणों की विधिसम्मत समीक्षा कर रिहाई की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।

श्री शर्मा ने शनिवार को मंत्रालय महानदी भवन में गृह एवं पुलिस विभाग की समीक्षा बैठक में अधिकारियों से कहा कि ऐसे मामलों की वापसी के लिए विधि विभाग की सहायता से अभियोजन अधिकारियों और शासकीय वकीलों का दल गठित किया जाएगा। इन प्रकरणों की प्रगति की समीक्षा संबंधित जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय में प्रत्येक सप्ताह की जाएगी।

बैठक में निर्णय लिया गया कि पूर्व में अति नक्सल प्रभावित रहे और अब नक्सल मुक्त घोषित गांवों के विकास के लिए प्रत्येक ग्राम में एक-एक करोड़ रुपये के विकास कार्य स्वीकृत किए जाएंगे। प्रथम चरण में सुकमा के 20, बीजापुर के 20 तथा नारायणपुर के 10 सहित कुल 50 गांव चिन्हित किए गए हैं।

शर्मा ने निर्देश दिए कि आगामी 15 अगस्त को सभी नक्सल मुक्त गांवों में तिरंगा यात्रा और ध्वजारोहण कार्यक्रम आयोजित किए जाएं, ताकि राष्ट्रीय एकता और जनविश्वास को मजबूत किया जा सके।

उन्होंने कहा कि सभी नक्सल पीड़ित एवं पुनर्वासित परिवारों को प्रधानमंत्री आवास योजना के विशेष प्रावधानों के तहत आवास उपलब्ध कराया जाए। जिन क्षेत्रों में बड़ी नक्सली घटनाएं हुई हैं, वहां शहीदों और पीड़ितों की स्मृति में सामुदायिक स्मारक भी बनाए जाएं। उन्होंने शहीद जवानों एवं मृत नागरिकों के परिजनों को मिलने वाली सहायता और लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए सभी निर्धारित सुविधाएं समय पर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

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