रायपुर , अक्टूबर 07 -- छत्तीसगढ़ सरकार ने समर्थन मूल्य पर धान खरीदी से पहले किसानों को पंजीयन प्रक्रिया में बड़ी राहत देते हुए संयुक्त खातों में सभी सह-खातेदारों के 'एग्रीस्टैक पंजीयन' की अनिवार्यता समाप्त कर दी है।
विभाग से बुधवार को मिली जानकारी के अनुसार नए निर्देश के तहत संयुक्त खाते वाले परिवार में अब केवल लंबरदार या मुख्य खातेदार का एग्रीस्टैक में पंजीयन पर्याप्त होगा और इसी के आधार पर धान खरीदी की जा सकेगी।
सरकार के इस निर्णय से प्रदेश के हजारों किसान परिवारों को राहत मिलने की उम्मीद है। अब तक लागू व्यवस्था के तहत धान खरीदी के लिए एग्रीस्टैक पोर्टल पर पंजीयन अनिवार्य था। संयुक्त खाते यानी एक ही जमीन के राजस्व अभिलेख में एक से अधिक लोगों के नाम दर्ज होने की स्थिति में सभी सह-खातेदारों को अलग-अलग पंजीयन कराना पड़ता था। इससे किसानों को पंजीयन कराने में व्यावहारिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था।
नए निर्देशों के अनुसार संयुक्त खाते की स्थिति में परिवार के केवल लंबरदार या मुख्य खातेदार का पंजीयन मान्य किया जाएगा। अन्य सह-खातेदारों का अलग-अलग पंजीयन कराना जरूरी नहीं होगा। मुख्य खातेदार के पंजीयन के आधार पर ही संबंधित भूमि की धान खरीदी की प्रक्रिया पूरी की जा सकेगी। इस बदलाव से किसानों के लिए एग्रीस्टैक पंजीयन की प्रक्रिया सरल होने के साथ अनावश्यक चक्कर लगाने की समस्या भी कम होने की संभावना है।
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