रांची , जून 05 -- झारखंड के धनबाद जिले में परिवार की सहमति से कोर्ट मैरेज करने के बाद एक जोड़ा धनबाद मंडल कारा परिसर स्थित शिव मंदिर में हिंदू रीति-रिवाज से विवाह की रस्में पूरी करने पहुंचा, लेकिन बीच में ही पुलिस के हस्तक्षेप के कारण शादी अधूरी रह गई।

पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, बिहार के आरा निवासी दिलीप यादव और धनबाद जिले के पाथरडीह की रहने वाली कंचन की शादी शुक्रवार को जेल परिसर स्थित शिवालय में संपन्न होनी थी। दोपहर करीब 1:30 बजे दोनों पक्षों के परिजन मंदिर में विवाह की रस्में निभा रहे थे। इसी दौरान सूचना मिलने पर जेल पुलिस मौके पर पहुंची और समारोह को रोक दिया।

पुलिस के हस्तक्षेप से दूल्हा-दुल्हन और उनके परिजन असमंजस की स्थिति में पड़ गए। बाद में सभी लोगों को वहां से वापस लौटना पड़ा। जेल अधिकारियों ने बताया कि जेल परिसर में बिना अनुमति किसी भी प्रकार का विवाह समारोह आयोजित करना जेल मैनुअल के नियमों के विरुद्ध है।

सूचना मिलने के बाद अधिकारियों ने मामले की जांच की और नियमों के उल्लंघन को गंभीरता से लेते हुए विवाह प्रक्रिया रुकवा दी। मौके पर मौजूद पुरोहित को भी आवश्यक निर्देश दिए गए। साथ ही परिजनों को भविष्य में निर्धारित नियमों का पालन करने की हिदायत दी गई।

दूल्हा दिलीप यादव ने बताया कि कोर्ट मैरेज के बाद वे अपने वकील की सलाह पर धनबाद मंडल कारा परिसर स्थित शिव मंदिर में वैदिक रीति-रिवाज से विवाह करने पहुंचे थे। हालांकि, अनुमति नहीं होने के कारण पुलिस ने विवाह की रस्में पूरी करने से रोक दिया। उन्होंने कहा कि अब वे किसी अन्य मंदिर में जाकर विवाह की शेष रस्में पूरी करेंगे।

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