शाहजहांपुर , सितम्बर 09 -- उत्तर प्रदेश में शाहजहांपुर जिले के थाना पुवायां क्षेत्र में दुष्कर्म के एक मामले में आरोपी के बेटे का नाम मुकदमे से निकालने के एवज में दो लाख रुपये की रिश्वत मांगने के आरोप में पुलिस अधीक्षक ने जांच अधिकारी उपनिरीक्षक को निलंबित कर जांच के आदेश दिए है।
पुलिस अधीक्षक (एसपी) सौरभ दीक्षित ने बुधवार को बताया कि थाना पुवायां कस्बे की ही रहने वाली एक 21 बर्षीय युवती ने 10 दिन पूर्व कस्बे में ही रहने वाले आरोपी अशोक शर्मा (50) पर छेड़छाड़ का आरोप लगाते हुए थाने में शिकायत दर्ज कराई थी जिसके बाद पीड़िता ने न्यायालय में दिए गए बयान में आरोपी के वेटे का नाम भी शामिल कर लिया।
उन्होंने बताया कि न्यायालय में दिए गए बयानों में पीड़िता ने दुष्कर्म किए जाने की बात भी कह दी इसी मामले में आरोपी अशोक शर्मा के बेटे का नाम मुकदमे से निकलने के लिए जांच अधिकारी ने 2 लाख की मांग की जिसे आरोपी की पत्नी ने अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मंगलवार को आरोपी की पत्नी उनसे मिली और अपनी शिकायत दी तथा मोबाइल में रिश्वत मांगने की रिकॉर्डिंग भी सुनाई इसके बाद उन्होंने पुलिस क्षेत्राधिकारी (पुवायां) प्रवीण मलिक से इस मामले की जांच कराई और जांच में प्रथम दृष्टिया दोषी पाए जाने पर जांच अधिकारी उप निरीक्षक महेंद्र प्रताप सिंह को मंगलवार रात में ही निलंबित कर दिया गया है।
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