अमृतसर , सितंबर 19 -- शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के अध्यक्ष एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी ने थाईलैंड में एक बुजुर्ग सिख के साथ कथित मारपीट कर उसकी पगड़ी उतारे जाने और दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में कड़ा पहनने के कारण सिख बच्चों को प्रवेश से रोके जाने की घटनाओं की निंदा करते हुए कहा कि सिखों की धार्मिक पहचान और सम्मान के साथ किसी भी तरह का अनुचित व्यवहार स्वीकार्य नहीं है।
एडवोकेट धामी ने शनिवार को थाईलैंड की घटना को चिंताजनक बताते हुए विदेश मंत्री से मामला कूटनीतिक स्तर पर थाईलैंड सरकार के समक्ष उठाने की अपील की। उन्होंने थाई अधिकारियों से निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई तथा भारतीय दूतावास के माध्यम से पीड़ित को आवश्यक कानूनी और कांसुलर सहायता उपलब्ध कराने का आग्रह किया।
दिल्ली की घटना पर एडवोकेट धामी ने कहा कि कड़ा सिख धर्म के पांच ककारों का अभिन्न हिस्सा है और केवल इसे पहनने के कारण किसी बच्चे को सार्वजनिक स्थान या खेल परिसर में प्रवेश से रोकना उचित नहीं है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से मामले की जांच कर जिम्मेदारी तय करने और भविष्य में सिखों को ककारों के कारण किसी तरह के भेदभाव का सामना न करना पड़े, यह सुनिश्चित करने की मांग की।
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