जनगांव , जुलाई 10 -- तेलंगाना में राज्य सरकार ने शुक्रवार को ऑयल पाम की खेती बड़े पैमाने पर करने की अभियान की शुरूआत की है।
सरकार के मंत्रियों डॉ. जी विवेक वेंकटस्वामी और पोन्नम प्रभाकर ने हुस्नाबाद विधानसभा क्षेत्र के अक्कन्नापेट मंडल के जनगांव गांव में बड़े पैमाने पर इस तेल के पौधों के रोपण कार्यक्रम की शुरुआत की। उन्होंने आयल पॉम की खेती को एक लाभदायक फसल बताया और खुद इस तेल के पौधे लगाए ।
गौरतलब है कि भारत अपनी घरेलू जरूरतों को पूरा करने के लिए दुनिया में पाम ऑयल का सबसे बड़ा आयातक देश है। भारत अपनी कुल खाद्य तेल जरूरत का एक बड़ा हिस्सा विदेशों से खरीदता है, जिसमें पाम ऑयल की हिस्सेदारी सबसे अधिक होती है।
सभा को संबोधित करते हुए डॉ. विवेक ने कहा कि सरकार ने इस क्षेत्र में 50 हजार एकड़ जमीन को ऑयल पाम की खेती के दायरे में लाने का लक्ष्य रखा है। उन्होंने बताया कि जिले में अब तक लगभग 14 हजार एकड़ भूमि पर इसकी खेती शुरू की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि सरकार इस तेल की खेती करने वाले किसानों को चार वर्षों तक अनुदान भी देगी। इसके साथ ही खाद्य तेल के आयात पर निर्भरता कम करने के लिए घरेलू उत्पादन बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया।
उन्होंने कहा कि ऑयल पाम की खेती के लिए बहुत पानी नहीं चाहिए और चार वर्षों के बाद इससे बड़ा मुनाफा मिलना शुरू हो जाता है। उन्होंने यह भी कहा कि हुस्नाबाद के पास इस तेल के प्रसंस्करण कारखाने की मौजूदगी से किसानों को बाजार तक आसान पहुंच मिलेगी और उन्हें लाभ होगा।
किसानों के बीच अधिक जागरूकता पैदा करने का आह्वान करते हुए डॉ. विवेक ने जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों से ग्रामीणों को ऑयल पाम की खेती के आर्थिक लाभों के बारे में शिक्षित करने का आग्रह किया। बड़े पैमाने पर खेती को प्रोत्साहित करने के लिए एक प्रोत्साहन राशि की घोषणा करते हुए मंत्री ने कहा कि अगर श्री प्रभाकर ऑयल पाम की खेती के लिए 100 एकड़ भूमि लाने वाले गांवों को 5 लाख रुपये प्रदान करते हैं, तो वह भी जिले के प्रभारी मंत्री के रूप में अपनी ओर से 5 लाख रुपये का योगदान देंगे।
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