खम्मम , मार्च 22 -- तेलंगाना के उपमुख्यमंत्री मल्लू भट्टी विक्रमार्क ने राज्य के नवीनतम बजट को 'जन-बजट' करार देते हुए कहा है कि इसे जीवन स्तर सुधारने और समावेशी विकास सुनिश्चित करने के लिए तैयार किया गया है।
श्री विक्रमार्क ने खम्मम स्थित जिला कांग्रेस कमेटी के कार्यालय में रविवार को संवाददाता सम्मेलन में कहा कि यह बजट कल्याण और विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता दर्शाता है। इससे नागरिकों में यह विश्वास जगेगा कि इस राज्य में रहना सौभाग्य है।
श्री विक्रमार्क ने प्रमुख पहलों पर बात करते हुए कहा कि 'इंदिरम्मा जीवन बीमा योजना' का विस्तार बिना किसी भेदभाव के सभी नागरिकों के लिए कर दिया गया है। वहीं छात्रों को पौष्टिक भोजन दिया जा रहा है और इंटरमीडिएट के छात्रों के लिए मध्याह्न भोजन योजना शुरू की गयी है। उन्होंने कहा कि अतिरिक्त 'इंदिरम्मा आवासों' को मंजूरी दी जायेगी और लाभार्थियों को साप्ताहिक भुगतान करने की योजना है।
उन्होंने कृषि क्षेत्र पर कहा कि 'रैथु भरोसा' (किसान भरोसा) योजना के तहत 3,446.94 करोड़ रुपये जारी किये गये हैं। इससे लगभग 69 लाख किसानों को लाभ मिला है। उन्होंने आश्वासन दिया कि 45 दिनों के भीतर तीन किस्तों में पूरा भुगतान कर दिया जायेगा।
उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि सरकार कृषि के लिए मुफ्त बिजली आपूर्ति पर 14,000 करोड़ रुपये खर्च कर रही है और बेहतर अनाज की खेती करने वाले किसानों को बोनस भी प्रदान किया गया है।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि रोजगार सृजन प्राथमिकता बनी हुई है। इसके लिए रोजगार गारंटी योजना का विस्तार, 'राजीव युवा विकास' के लिए 6,000 करोड़ रुपये का आवंटन और युवाओं को वैश्विक अवसरों के लिए तैयार करने के लिए कौशल विश्वविद्यालय, उन्नत प्रौद्योगिकी केंद्र तथा 'मुख्यमंत्री प्रवासी रोजगार कार्यक्रम' जैसी पहल की गयी हैं।
उन्होंने बहु विशेषज्ञता वाले अस्पतालों में 14,000 नये बेड, ग्रामीण सड़कों के विकास के लिए 13,500 करोड़ रुपये और शिक्षा में बड़े निवेश की घोषणा की, जिसमें उस्मानिया विश्वविद्यालय के लिए 1,000 करोड़ रुपये और चाकली इलम्मा विश्वविद्यालय के लिए 400 करोड़ रुपये शामिल हैं।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित