नालगोंडा , अगस्त 19 -- पैसों और ऐशो-आराम की जिंदगी जीने की चाहत में दो नाबालिग छात्रों ने अपने ही विदयालय की प्रधानाचार्य रूपा रेड्डी की हत्या कर दी। नालगोंडा के पुलिस अधीक्षक (एसपी) शरत चंद्र पवार ने बुधवार को इस घटना का खुलासा किया।

पत्रकार वार्ता में उन्होंने बताया कि करीब 15 दिन पहले प्रधानाचार्य को दोनों छात्रों के हॉस्टल बैग से एक मोबाइल फोन और नकदी मिली थी, जिसकी जानकारी उन्होंने उनके परिजनों को दे दी थी।

इस घटना के बाद उन्हें छात्रावास से निकाल दिया गया और वे घर से विद्यालय आने-जाने लगे, लेकिन इस अपमान को वे भूल नहीं पाये।

एसपी के अनुसार, दोनों ने सुश्री रूपा रेड्डी के घर पर चोरी की योजना बनायी, एक चाकू खरीदा और वारदात को अंजाम देने से पहले इलाके की रेकी की। चोरी के दौरान जब प्रिंसिपल ने उन्हें पहचान लिया, तो उन्होंने उन पर 27 बार चाकू से वार किया, जिससे उनकी मौत हो गयी।

पुलिस ने आरोपियों के पास से खून से सने 1.54 लाख रुपये नकद और एक आईफोन बरामद किया है।

एसपी ने बताया कि छात्रों में से एक को शराब की लत लग चुकी थी और अपने शौक पूरे करने वे करीब एक महीने पहले गोवा भी गये थे।

उन्होंने यह भी बताया कि दोनों छात्रों की मारिजुआना जांच रिपोर्ट नेगेटिव आयी है।

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