पटना , मई 27 -- बिहार सरकार ने राज्य के सभी छूटे हुए महादलित टोलों में अगले तीन महीने के भीतर नल का जल पहुंचाने का लक्ष्य निर्धारित किया है।

लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग (पीएचईडी) ने इस दिशा में कार्यों को तेज कर दिया है। पीएचईडी मंत्री संजय कुमार सिंह ने सूचना भवन के सभागार में बुधवार को आयोजित संवाददाता सम्मलेन में कहा कि 2016 में 2.66 लाख परिवारों तक नल का जल पहुंचाया गया था। उन्होंने बताया कि यह संख्या 2026 में बढ़कर एक करोड़ 87 लाख से अधिक हो गई है। उन्होंने कहा कि विभाग का लक्ष्य दो करोड़ दो लाख परिवारों तक पेयजल सुविधा उपलब्ध कराना है। बचे हुए 15 लाख परिवारों तक भी जल्द ही नल का जल पहुंचा दिया जाएगा। मौजूदा समय में राज्य के 93 फीसदी परिवार इस योजना के लाभ से जुड़ गए हैं।

मंत्री ने कहा कि विभाग से संबंधित किसी तरह की शिकायत या समस्या के समाधान के लिए प्रधान सचिव का मोबाइल नंबर 9473191466 जारी किया गया है।

विभागीय मंत्री ने कहा कि राज्य में 2019 की तुलना में 2026 राज्य के भूजल स्तर में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। उन्होंने कहा कि राज्य की 50 फीट या इससे नीचे के भूजल स्तर वाली पंचायतों की संख्या 2019 में 138, जो 2026 में घटकर 19 हो गई। इसमें 66 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है। इसी तरह उन पंचायतों की संख्या में भी कमी दर्ज की गई है, जिनका भूजल स्तर 40-50 फीट के बीच है।

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