चेन्नई , अगस्त 02 -- तमिलनाडु के कुड्डालोर ज़िले में पुलिस ने करोड़ों रुपये की धातु की तीन प्राचीन बेशकीमती मूर्तियां ज़ब्त करके और पांच लोगों को गिरफ़्तार कर लिया है। इनकी कीमत सात करोड़ रूपये आंकी गयी है।
पुलिस विभाग ने शनिवार को जारी एक बयान में यह जानकारी देते हुए बताया कि एक विशेष टीम ने इलाके में प्लास्टिक के बोरे लिए घूम रहे पांच संदिग्धों को रोका और उन्हें घेर लिया। तलाशी लेने पर उनके पास से धातु की तीन प्राचीन मूर्तियां बरामद हुयीं। इन लोगों को मूर्तियों की तस्करी की कोशिश करने के लिए गिरफ्तार कर लिया गया।इन बरामद मूर्तियों में भूदेवी की मूर्ति (ऊंचाई 56 सेमी और वज़न 19 किलो); तिरुज्ञानसंबंदर की मूर्ति (ऊंचाई 37 सेमी और वज़न 10 किलो) और देवी शिवगामी सुंदरी की मूर्ति (ऊंचाई 55 सेमी और वज़न 12.40 किलो) शामिल हैं।
संदिग्धों से पूछताछ में पता चला कि उन्होंने मूर्तियों में सोने की मात्रा जानने के लिए एवं धातु की शुद्धता की जांच करने के लिए मूर्तियों के कुछ हिस्सों को काटकर नुकसान पहुंचाया था। वे कुंभकोणम से चेन्नई आ रहे एक खरीदार को मूर्तियां सौंपने के लिए उस जगह पर इंतज़ार कर रहे थे। गिरफ्तार लोगों की पहचान राजालिंगम (38), मुथुराज (40), राजावेल (50), सेंथिलकुमार (49) और सुरेश (34) के रूप में हुई और ये सभी कुड्डालोर ज़िले के रहने वाले हैं। उनके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 35(1) (ई) और 106 के तहत, धारा 305 (डी) के तहत एक मामला दर्ज किया है। गिरफ्तार आरोपियों को चेन्नई के एग्मोर स्थित मुख्य मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट अदालत में पेश किया गया जिसने शनिवार को सभी आरोपियों को 14 अगस्त तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया। बाद में उन्हें पुझल केंद्रीय जेल भेज दिया गया।
मूर्तियों के मूल स्थान का पता लगाने, उस मंदिर की पहचान करने जहां से उन्हें चुराया गया था, और मूर्ति तस्करी नेटवर्क में शामिल अन्य लोगों का पता लगाने के लिए आगे की जांच चल रही है।
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