कुशीनगर , अप्रैल 5 -- उत्तर प्रदेश के कृषि एवं कृषि अनुसंधान एवं शिक्षा मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने कहा है कि पत्रकारिता में सनसनीखेज प्रस्तुति के बजाय तथ्यपरक एवं जिम्मेदार रिपोर्टिंग को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। श्री शाही रविवार को पडरौना स्थित एक निजी होटल में आयोजित पत्रकारों के प्रांतीय सम्मेलन को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि डिजिटल युग में पत्रकारिता के स्वरूप में बदलाव आया है और नई चुनौतियां सामने आई हैं, इसके बावजूद समाचार पत्रों की विश्वसनीयता आज भी बनी हुई है।

उन्होंने कहा कि पत्रकारिता एक जिम्मेदारीपूर्ण कार्य है और इतिहास में पंडित मदन मोहन मालवीय तथा रामनाथ गोयनका जैसे पत्रकारों ने कठिन परिस्थितियों में भी अपने सिद्धांतों से समझौता नहीं किया, जिससे इस क्षेत्र की विश्वसनीयता कायम रही। मंत्री ने कहा कि पत्रकारों की समस्याओं और चुनौतियों से मुख्यमंत्री को अवगत कराते हुए उनके समाधान का प्रयास किया जाएगा। साथ ही इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से जुड़े पत्रकारों से अपील की कि निजी वार्तालाप को समाचार का हिस्सा बनाकर किसी की निजता का उल्लंघन न करें।

विशिष्ट अतिथि देवरिया सांसद शशांक मणि त्रिपाठी ने कहा कि पत्रकारों का दायित्व है कि वे अर्धसत्य से बचते हुए पूर्ण सत्य को समाज के सामने प्रस्तुत करें और सकारात्मक पहल में भी अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।

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