नयी दिल्ली , जून 01 -- भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने राजस्थान में पार्टी संगठन को मजबूती प्रदान करने के लिए श्री अजेय कुमार को प्रदेश महामंत्री (संगठन) नियुक्त किया है। इस तरह से ढाई साल बाद पार्टी को प्रदेश महामंत्री (संगठन) मिल गया।
भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव अरुण सिंह ने सोमवार को विज्ञप्ति जारी कर बताया कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने श्री अजेय कुमार को राजस्थान भाजपा का प्रदेश महामंत्री (संगठन) नियुक्त किया है। यह नियुक्त तत्काल रूप से प्रभावी होगी।
गौरतलब है कि राजस्थान में 2024 से यह पद खाली पड़ा हुआ था। श्री कुमार से पहले इससे पहले चंद्रशेखर अगस्त 2017 में राजस्थान भाजपा के संगठन महामंत्री बनाए गए थे और जनवरी 2024 तक करीब छह साल पांच महीने इस जिम्मेदारी को संभाला था।
श्री अजेय कुमार उन नेताओं में शुमार है जिनकी पहचान मंचों और भाषणों की बजाय संगठन और रणनीति में ज्यादा रहती हैं। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की पृष्ठभूमि आने वाले श्री कुमार लंबे समय तक संगठनात्मक कार्यों में सक्रिय रहे हैं। उन्होंने पश्चिमी उत्तर प्रदेश में लंबे समय तक पार्टी के लिए काम किया हैं। मेरठ, बिजनौर और मुरादाबाद जैसे क्षेत्रों में उन्होंने संगठन को मजबूत करने का काम संभाला। बूथ प्रबंधन, कार्यकर्ता प्रशिक्षण और चुनावी नेटवर्क तैयार करने में उनकी खास भूमिका रही।
वर्ष 2018 में उत्तराखंड भाजपा के तत्कालीन संगठन महामंत्री संजय कुमार को पद से हटाए जाने के बाद यह पद कुछ समय तक खाली रहा और सितंबर 2019 में श्री अजेय कुमार को उत्तराखंड भाजपा का संगठन महामंत्री नियुक्त किया गया।
उन्होंने 2020 और 2021 के दौरान उत्तराखंड में बूथ समितियों के पुनर्गठन, मंडल स्तर की सक्रियता, युवा कार्यकर्ताओं को जोड़ने और सोशल मीडिया नेटवर्क को मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया। उनकी कार्यशैली का सबसे खास पहलू यह माना गया कि वे बिना ज्यादा प्रचार के जमीन पर संगठन को मजबूत करने में विश्वास रखते हैं।
वर्ष 2022 के उत्तराखंड विधानसभा चुनाव श्री अजेय कुमार के संगठनात्मक कौशल की सबसे बड़ी परीक्षा थी। उस समय राज्य में राजनीतिक चुनौतियां थीं और मुख्यमंत्री बदलने जैसी परिस्थितियां भी सामने आई थीं। इसके बावजूद भाजपा ने लगातार दूसरी बार सत्ता में वापसी की।
वर्ष 2023 और 2024 के दौरान उन्हें भाजपा के रणनीतिक संगठनकर्ताओं में गिना जाने लगा। इस दौरान कुछ राजनीतिक विवादों और मीडिया चर्चाओं में उनका नाम भी सामने आया, लेकिन आधिकारिक स्तर पर कोई आरोप सिद्ध नहीं हुआ और न ही कोई कार्रवाई हुई।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित