चेन्नई , फरवरी 19 -- तमिलनाडु विधानसभा चुनावों से पहले लंबे समय से जारी अटकलों पर विराम लगाते हुए दिवंगत अभिनेता-राजनेता विजयकांत की पार्टी देसिया मुरपोक्कू द्रविड़ कषगम (डीएमडीके) ने गुरुवार को सत्तारूढ़ द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) के नेतृत्व वाले गठबंधन के साथ अपने गठबंधन को औपचारिक रूप दे दिया।
अपनी स्थापना के बाद यह पहला अवसर है जब डीएमडीके ने द्रमुक के साथ चुनावी समझौता किया है, जिससे आगामी चुनावों में द्रमुक के नेतृत्व वाले मोर्चे को और मजबूती मिली है। डीएमडीके की महासचिव प्रेमलता ने अपने भाई सुदीश और बेटे विजय प्रभाकरन के साथ द्रमुक मुख्यालय "अन्ना अरिवालयम" में मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन से मुलाकात कर इस गठबंधन पर मुहर लगाई।
इस कदम को राज्य की राजनीति में एक बड़े बदलाव के रूप में देखा जा रहा है, क्योंकि अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कषगम (अन्नाद्रमुक)-भाजपा गठबंधन भी डीएमडीके को अपने पाले में लाने की कोशिश कर रहा था। गठबंधन का स्वागत करते हुए मुख्यमंत्री स्टालिन ने खुशी जताई और दिवंगत नेता एम. करुणानिधि के प्रति विजयकांत के सम्मान और स्नेह को याद किया। उन्होंने कहा कि डीएमडीके के आने से द्रविड़ मॉडल के शासन को और बल मिलेगा।
उनसे मुलाकात के बाद पत्रकारों से बात करते हुए दिवंगत अभिनेता की पत्नी प्रेमलता विजयकांत ने कहा कि यह साझेदारी जिला सचिवों, पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की इच्छाओं को दर्शाती है। उन्होंने विश्वास जताया कि यह गठबंधन चुनावों में 200 से अधिक सीटें जीतेगा। सीटों के बंटवारे के सवाल पर उन्होंने बताया कि पार्टी जल्द ही एक समिति का गठन करेगी और बातचीत के बाद गठबंधन का नेतृत्व कर रही द्रमुक ही आवंटित सीटों की संख्या की घोषणा करेगी। सूत्रों के अनुसार, डीएमडीके को एक राज्यसभा सीट और कम से कम 7-8 विधानसभा सीटें मिल सकती हैं।
सुश्री प्रेमलता ने भावुक होते हुए याद किया कि दोनों परिवारों के बीच लंबे समय से घनिष्ठ संबंध रहे हैं और श्री स्टालिन के पिता एवं पूर्व मुख्यमंत्री करुणानिधि ने ही उनकी शादी की रस्में संपन्न कराई थीं।
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