प्रयागराज , अक्टूबर 23 -- उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में टीजीटी-पीजीटी भर्ती में पुरानी नियमावली बहाल करने की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे अभ्यर्थियों ने गुरुवार देर रात कैंडल मार्च निकाला जिसके बाद बख्शी बांध पर बैठक कर आगे के आंदोलन की रणनीति तय की। अभ्यर्थियों ने ऐलान किया कि मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो 26 अक्टूबर को शिक्षा निदेशालय का घेराव करेंगे।अभ्यर्थियों का आरोप है कि मुख्यमंत्री के आश्वासन के बावजूद उनकी मांगों पर अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। छात्र नेता आशुतोष पांडेय ने कहा कि मुख्यमंत्री के आश्वासन के बाद ही अभ्यर्थियों ने अपना आमरण अनशन समाप्त किया था।जिलाधिकारी और पुलिस आयुक्त ने भी समस्याओं के समाधान का भरोसा दिलाया था, लेकिन अब तक पुरानी नियमावली बहाल नहीं की गई। अभ्यर्थियों को अपना पक्ष रखने का अवसर भी नहीं मिला है।

आशुतोष पांडेय ने सवाल उठाया कि जब मुख्यमंत्री स्वयं आश्वासन दे चुके हैं, तो अब तक ठोस कार्रवाई क्यों नहीं हुई। उनका कहना है कि टीजीटी भर्ती से जुड़ी राहत की खबर आने के बावजूद पुरानी नियमावली की मांग कर रहे अभ्यर्थियों को न्याय नहीं मिल रहा है। लंबे समय से संघर्ष कर रहे छात्रों के भविष्य से जुड़े मुद्दों पर सरकार को गंभीरता से ध्यान देना चाहिए।अभ्यर्थियों की प्रमुख मांग है कि टीजीटी-पीजीटी भर्ती में पुरानी नियमावली बहाल की जाए। साथ ही मुख्यमंत्री और जिला प्रशासन की ओर से दिए गए आश्वासनों के अनुरूप समस्याओं का समाधान किया जाए और अभ्यर्थियों को अपना पक्ष रखने का अवसर मिले।अभ्यर्थियों ने कहा कि उनका आंदोलन शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांगें सरकार तक पहुंचाने के लिए है। उन्होंने चेतावनी दी कि सकारात्मक पहल नहीं हुई तो 26 अक्टूबर को शिक्षा निदेशालय का घेराव कर आंदोलन तेज किया जाएगा।

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