मंचेरियल , जून 16 -- तेलंगाना रक्षण सेना (टीआरएस) की अध्यक्ष कलवकुंतला कविता ने मंगलवार को सिंगरेनी के खदान मजदूरों की बड़े पैमाने पर हो रही अनदेखी का आरोप लगाया और उनके अधिकारों के लिए लड़ने का संकल्प लिया।
सुश्री कविता मंचेरियल जिले की श्रीरामपुर आरके-7 खदान में 'सिंगरेनी बायी बाटा' संपर्क कार्यक्रम में भाग ले रही थीं। उन्होंने मजदूरों को संबोधित करते हुए कहा कि टीआरएस तेलंगाना में एक नई राजनीतिक ताकत के रूप में उभरी है। उन्होंने कोयला खदानों में बुनियादी सुविधाओं, सुरक्षा उपायों, पीने के पानी, हवा की पर्याप्त व्यवस्था और महिला कर्मचारियों के लिए उचित सुविधाओं की कमी पर चिंता जताते हुए इस स्थिति को मानवाधिकारों का उल्लंघन बताया।
टीआरएस नेता ने सिंगरेनी प्रबंधन पर पुरानी तकनीक का इस्तेमाल जारी रखने का आरोप लगाते हुए कहा कि ठेकेदारों के लिए तो धन तुरंत मिल जाता है, लेकिन खदानों में मशीनों की मरम्मत और रखरखाव मजदूरों को खुद ही करना पड़ता है। उन्होंने आश्रितों को नौकरी देने की योजना में गड़बड़ी, मेडिकल बोर्ड की मंजूरी में देरी और श्रमिकों के परिवारों के लिए अपर्याप्त कल्याणकारी उपायों का भी आरोप लगाया।
सुश्री कविता ने कहा कि उन्हें खदान का दौरा करने से रोकने की कोशिशें की गईं। उन्होंने सवाल उठाया कि जनप्रतिनिधियों को मजदूरों से बातचीत करने से क्यों रोका जा रहा है? उन्होंने साफ किया कि टीआरएस और एचएमएस मिलकर मजदूरों के उत्पीड़न के खिलाफ लड़ेंगे और मानवाधिकारों का कोई भी उल्लंघन बर्दाश्त नहीं करेंगे।
टीआरएस प्रमुख ने केंद्रीय कोयला मंत्री किशन रेड्डी से सिंगरेनी के लिए अधिक कोयला ब्लॉक सुरक्षित करने और यह सुनिश्चित करने का आग्रह किया कि गोदावरी घाटी के कोयला संसाधन इसी सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी के पास रहें। उन्होंने वादा किया कि अगर टीआरएस सत्ता में आती है, तो वह 'अंडरग्राउंड माइनिंग' को फिर से शुरू करेगी और लगभग एक लाख लोगों के लिए रोजगार के अवसर पैदा करेगी।
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