टिहरी , जुलाई, 29 -- उत्तराखंड में टिहरी गढ़वाल की जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि लंबित राजस्व मामलों की नियमित सुनवाई सुनिश्चित करते हुए उनका समयबद्ध निस्तारण किया जाए। साथ ही जनपद में खाद्यान्न वितरण व्यवस्था को पूरी तरह सुचारू बनाए रखने के लिए प्रभावी निगरानी की जाए।

बुधवार को कलक्ट्रेट स्थित वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कक्ष में आयोजित राजस्व विभाग की मासिक बैठक में जिलाधिकारी ने विभिन्न विभागों की राजस्व प्राप्ति, लंबित राजस्व वसूली, विचाराधीन राजस्व वादों, खाद्यान्न वितरण व्यवस्था तथा विभागीय प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों से राजस्व संबंधी कार्यों में तेजी लाने और लंबित मामलों के शीघ्र निस्तारण के लिए समन्वित प्रयास करने को कहा।

बैठक में आबकारी विभाग ने बताया कि जून माह के दौरान 92 छापेमारी अभियान चलाए गए, जिनमें नौ मामले दर्ज किए गए तथा एक वाहन जब्त किया गया। वहीं परिवहन विभाग ने जानकारी दी कि अब तक 1,638 चालान किए जा चुके हैं। इस पर जिलाधिकारी ने प्रवर्तन अभियान को और प्रभावी बनाते हुए चालान की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए।

अभियोजन विभाग की समीक्षा में बताया गया कि अधीनस्थ न्यायालयों में विभिन्न अधिनियमों के अंतर्गत कई मामले लंबित हैं। इनमें आबकारी अधिनियम के 108, आयुध अधिनियम के आठ, आईटीपी एक्ट के छह, एनडीपीएस एक्ट के नौ, फॉरेन एक्ट के दो तथा कॉपीराइट एक्ट का एक मामला शामिल है। जिलाधिकारी ने सभी लंबित मामलों की प्रभावी पैरवी सुनिश्चित कर शीघ्र निस्तारण कराने के निर्देश दिए।

बैठक में यह भी बताया गया कि दैवीय आपदा से क्षतिग्रस्त जनपद की 42 पटवारी चौकियों के मरम्मत कार्य के लिए धनराशि उपलब्ध करा दी गई है। इनमें से 16 पटवारी चौकियों की मरम्मत पूरी हो चुकी है। जिलाधिकारी ने शेष चौकियों का कार्य भी शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए ताकि राजस्व व्यवस्था सुचारू रूप से संचालित हो सके।

बैठक में अपर जिलाधिकारी शैलेन्द्र सिंह नेगी, उप जिलाधिकारी कमलेश मेहता, जिला आबकारी अधिकारी के.पी. सिंह, तहसीलदार धीरज राणा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

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