झुंझुनू , नवम्बर 02 -- राजस्थान में झुंझुनू जिले के उदयपुरवाटी थाना क्षेत्र में छापोली गांव में सोमवार को सड़कनिर्माण कार्य में लगे आठ मजदूरों की करंट लगने से मौत हो गई और पांच अन्य झुलस गए।
प्राप्त जानकारी के अनुसार झुलसे मजदूरों को उदयपुरवाटी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) भर्ती कराया गया है।
थानाधिकारी रामपाल ने बताया कि हादसा छापोली-कदंब कुंड मार्ग पर सीकर-नीमकाथाना राजकीय राजमार्ग से करीब 150 मीटर दूर हुआ। मजदूर सड़क निर्माण कार्य में लगे थे, उसी दौरान रोड़ी-बजरी मिलाने के काम में आने वाली एक मशीन ऊपर से गुजर रही उच्च क्षमता की बिजली लाइन के संपर्क में आ गई। इससे उसमें करंट दौड़ गया और वहां काम कर रहे मजदूर करंट की चपेट में आ गए।
उन्होंने बताया कि इस हादसे में हरिराम गुर्जर (30), मंगलचंद (22), कालूराम गुर्जर (29) और पवन गुर्जर (23) (चारों एक ही परिवार के) विष्णु सैनी (38), सुरेंद्र उर्फ सुरेश सैनी (30), मुकेश सैनी (27) और फतेहचंद सैनी (32) की मौत हो गयी, जबकि महेंद्र सैनी, गीता देवी (45), संतरा देवी (35), गिदाराम (45) और मंजू देवी (38) घायल हो गये।
ग्रामीणों ने बताया कि यह हादसा प्रशासन और बिजली विभाग की लापरवाही है। पोल और बिजली लाइन पेड़ से छू रहे हैं। लाइन काटने के लिए फोन किया तो ग्रिड सबस्टेशन (जीएसएस) पर कोई कर्मचारी मौजूद नहीं था।
घायल गिदाराम सैनी ने बताया,- "छापोली में हम काम कर रहे थे। हम सभी मशीन को धक्का देकर दूसरी जगह ले जा रहे थे, इसी दौरान वह तार से छू गई और करंट लग गया। मौके पर 12-13 लोग थे। ग्रामीण इस घटना के बाद कलेक्टर को बुलाने की मांग को लेकर हंगामा करने लगे। जिसके बाद पुलिस ने समझाकर लोगों को शांत करवाया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हादसे पर दुख जताया और मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये का मुआवजा देने का ऐलान किया है।
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