कोलकाता , सितंबर 26 -- चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ अपने लंबे समय से चले आ रहे आरोपों को दोहराते हुए पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शनिवार को कहा कि जब तक वह (ज्ञानेश कुमार) अपने पद से इस्तीफा नहीं दे देते, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।

विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस की हार के बाद कोलकाता के बाहर अपनी पहली रैली को श्रीरामपुर में संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि जिस तरह उन्होंने श्री कुमार को पकड़ा है, उसी तरह वह अन्य गलत काम करने वालों को भी पकड़ेंगी। श्री कुमार को जाना ही होगा। जब तक वे नहीं चले जाते, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि श्री कुमार ने बंगाल पर कब्जा करने की नीयत से विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) चलाया और 93 लाख लोगों के नाम हटा दिए। उन्होंने दावा करते हुए कहा कि सबसे पहले तृणमूल ने कहा कि अधिकारी सीमा खन्ना की भूमिका संदिग्ध थी। उन्होंने कहा कि सारे रिकॉर्ड दिए गए हैं। मतदाता सूची से एक-एक करके नाम गायब कर दिए गए। उन्होंने बंगाल पर कब्जा किया है और वह दिल्ली पर कब्जा करेंगी।

श्री कुमार पर सीधा निशाना साधते हुए सुश्री बनर्जी ने आरोप लगाया कि उनकी पार्टी को "जबरन हराया गया" है। उन्होंने दावा किया कि ईवीएम की कथित "हाइजैकिंग" से लेकर मीडिया के एक वर्ग के झूठी खबरों के सशुल्क प्रसार जैसे मुद्दे धीरे-धीरे सामने आयेंगे। उन्होंने दावा किया कि बिहार, बंगाल और हरियाणा में भी इसी तरह के घटनाक्रम हुए हैं।

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि वे एसआईआर के खिलाफ आंदोलन का समर्थन करने वाली किसी भी राजनीतिक पार्टी का साथ देंगी, चाहे उसका राजनीतिक रंग कोई भी हो। एसटीएफ और सीआईडी जैसी एजेंसियों तथा पुलिस की आलोचना करते हुए उन्होंने कहा, "डरिए मत। गिरफ्तारी के लिए तैयार रहिए, खुलकर बोलिए और एकजुट रहिए।"उपचुनाव से पहले नंदीग्राम के कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान की गिरफ्तारी पर सवाल उठाते हुए उन्होंने पूछा, "उन्हें क्यों गिरफ्तार किया गया?" और कहा, "मैं भी भूमि आंदोलन से जुड़ी रही हूं। मैं कांग्रेस उम्मीदवार का समर्थन करती हूं।"रैली से पहले उस समय हंगामा मच गया जब तृणमूल कांग्रेस के विधायक कुणाल घोष ने आरोप लगाया कि श्रीरामपुर रैली में शामिल होने के लिए जाते समय हुगली के उत्तरपाड़ा में उनकी कार पर पत्थरों, अंडों और लोहे की छड़ों से हमला किया गया।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित