जालंधर, 21अगस्त (वार्ता )पंजाब के बागवानी, रक्षा सेवाएं कल्याण एवं स्वतंत्रता सेनानी मंत्रीमोहिंदर भगत ने 'खेड़ां वतन पंजाब दीयां' सीजन-4 के तहत राज्यभर में खेलों के प्रति जागरूकता और युवाओं की भागीदारी बढ़ाने के उद्देश्य से निकाली जा रही मशाल रैली का शुक्रवार को जालंधर में स्वागत किया।
इस मौके पर जिला उपायुक्त वरजीत वालिया, जिला योजना समिति के चेयरमैन अमृतपाल सिंह और अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे। रैली के स्वागत में आयोजित कार्यक्रम के दौरान उभरते खिलाड़ियों ने एथलेटिक प्रदर्शन कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
कैबिनेट मंत्री मोहिंदर भगत ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार ने खेल क्षेत्र के लिए 700 करोड़ रुपये का बजट रखा है। इससे जमीनी स्तर पर खेल बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और पंजाब की समृद्ध खेल विरासत को पुनर्जीवित करने में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि सरकार का विशेष ध्यान गांवों तक खेल सुविधाएं पहुंचाने पर है। गांव स्तर पर मॉडल खेल मैदान तैयार किए जा रहे हैं, ताकि युवाओं को अपनी प्रतिभा निखारने और खेलों में आगे बढ़ने के बेहतर अवसर मिल सकें।
श्री भगत ने कहा कि सरकार की नशा विरोधी मुहिम को खेलों से जोड़ा गया है। 'युद्ध नशों के खिलाफ' पहल के तहत युवाओं की ऊर्जा को रचनात्मक दिशा में लगाने और उन्हें नशे से दूर रखने के लिए खेलों को प्रभावी माध्यम बनाया जा रहा है। खेल युवाओं में अनुशासन, स्वस्थ जीवनशैली और सकारात्मक सोच विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
वरजीत वालिया ने बताया कि 'खेड़ां वतन पंजाब दीयां-2026-27' सीजन-4 के तहत ब्लॉक स्तर की खेल प्रतियोगिताएं तीन से 15 सितंबर, जिला स्तर की प्रतियोगिताएं 20 से 30 सितंबर और राज्य स्तरीय खेलें 10 से 28 नवंबर तक आयोजित की जाएंगी।
उन्होंने बताया कि खिलाड़ी खेलों में भाग लेने के लिए पोर्टल के माध्यम से आधार कार्ड और आयु प्रमाण पत्र सहित आवश्यक दस्तावेजों के साथ ऑनलाइन पंजीकरण कर सकते हैं। उन्होंने खिलाड़ियों से अधिक से अधिक संख्या में पंजीकरण करवाकर खेल मेले को सफल बनाने कीअपील की।
इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त अमनिंदर कौर, एसडीएम शुभी आंगरा, जिला खेल अधिकारी गुरप्रीत सिंह, एशियन मेडलिस्ट अजैब सिंह, ओलंपियन हॉकी खिलाड़ी मुखबैन सिंह, सहायक निदेशक युवा सेवाएं रवि दारा, तैराकी कोच उमेश शर्मा सहित बड़ी संख्या में खेल प्रेमी और खिलाड़ी उपस्थित रहे।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित