कोलकाता , अगस्त 25 -- पश्चिम बंगाल में कोलकाता पुलिस की एक टीम ने जादवपुर विश्वविद्यालय परिसर में गत 19-20 अगस्त को हुई हिंसा तथा तोड़फोड़ के मामले में मंगलवार को विश्वविद्यालय का दौरा किया।

पुलिस दल ने जांच के सिलसिले में रजिस्ट्रार से मुलाकात कर घटना के दोनों दिनों की सीसीटीवी फुटेज मांगा है। विश्वविद्यालय प्रशासन की शिकायत पर पुलिस मामले की पड़ताल कर रही है।

इस बीच, हिंसा के लगभग सात दिन बाद पश्चिम बंगाल के उच्च शिक्षा मंत्री जगन्नाथ चट्टोपाध्याय ने परिसर में शांति बनाये रखने की अपील की है।

एक कार्यशाला के दौरान शिक्षा मंत्री ने कहा कि जादवपुर विश्वविद्यालय की शैक्षणिक साख और प्रतिष्ठा को बचाये रखने के लिए सभी पक्षों का शांत रहना जरूरी है। उन्होंने परिसर में जारी उकसावे और हिंसा की कड़ी निंदा की।

उल्लेखनीय है कि 19-20 अगस्त को फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी स्टूडेंट्स यूनियन (फेटसू) की बैठक के दौरान वामपंथी छात्र संगठनों और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के सदस्यों के बीच हिंसक झड़प हो गयी थी। इस हिंसा में कई छात्र घायल हुए थे और परिसर के गेट नंबर चार पर बनी प्रसिद्ध कलाकार नंदलाल बोस की ऐतिहासिक धरोहर को नुकसान पहुंचा था।

विश्वविद्यालय प्रशासन ने घटना की जांच के लिए सेवानिवृत्त न्यायाधीश प्रणब चट्टोपाध्याय की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय जांच समिति का गठन किया है, जिसकी पहली बैठक 27 अगस्त को होनी तय है।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित