जम्मू , अक्टूबर 30 -- वॉर वूंडेड फाउंडेशन (डब्ल्यूडब्ल्यूएफ) ने युद्ध में दिव्यांग हुए सैनिकों को सहायता उपकरण प्रदान कर और स्थायी आजीविका के अवसर उपलब्ध कराकर उनके जीवन में सार्थक बदलाव लाने का अपना प्रयास जारी रखा है।

आधिकारिक विज्ञप्ति के अनुसार डब्ल्यूडब्ल्यूएफ के उत्तरी क्षेत्र के निदेशक ब्रिगेडियर हरचरण सिंह (सेवानिवृत्त) ने संस्था की पहलों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अकेले उत्तरी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में दिव्यांग सैनिकों को 100 विशेष मॉडिफाइड स्कूटर और 12 ऑटो-रिक्शा वितरित किए जा चुके हैं, जिससे वे अधिक स्वतंत्र और समाज की मुख्यधारा से दोबारा जुड़ सके हैं।

मीरां साहिब में आयोजित पूर्व सैनिक रैली के दौरान फाउंडेशन ने युद्ध में दिव्यांग हुए सैनिकों को एक मॉडिफाइड स्कूटर और एक बैटरी से चलने वाली ह्वीलचेयर भेंट की। संस्था ने सैनिकों की गरिमा, आराम और स्वतंत्र जीवन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।

एक अन्य महत्वपूर्ण पहल के तहत फाउंडेशन एक दिव्यांग सैनिक को मुर्गी पालन केंद्र स्थापित करने के लिए वित्तीय सहायता प्रदान कर रहा है, ताकि स्वरोजगार और आर्थिक स्वावलंबन को बढ़ावा मिल सके।

विज्ञप्ति में उल्लेख किया गया है कि सहायता उपकरण और वित्तीय मदद देने के अलावा डब्ल्यूडब्ल्यूएफ मनोवैज्ञानिक सहायता, प्रेरणा और सशक्तीकरण पर भी विशेष जोर देता है। संस्था दिव्यांग सैनिकों को चुनौतियों से उबरने, आत्मविश्वास हासिल करने और दूसरों पर निर्भर रहे बिना सम्मानजनक जीवन जीने के लिए प्रेरित करती है।

फाउंडेशन ने कहा कि अपने निरंतर कल्याणकारी प्रयासों के माध्यम से वह देश के वीर सैनिकों के प्रति सेवा और एकजुटता की भावना को बनाए रखे हुए है, जिससे चुनौतियों को अवसरों में बदलते हुए 'विकलांगता को क्षमता में बदलने' के अपने मूल उद्देश्य को बल मिल रहा है।

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