जशपुर , अप्रैल 22 -- छत्तीसगढ़ में जशपुर जिले के लिए बड़ी सौगात के रूप में रायपुर-धनबाद इकोनॉमिक कॉरिडोर के अंतर्गत पत्थलगांव-कुनकुरी से छत्तीसगढ़-झारखंड सीमा एनएच-43 तक 3,147 करोड़ रुपए की लागत वाली सड़क परियोजना का निर्माण कार्य शुरू हो गया है।
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) द्वारा इस महत्वाकांक्षी परियोजना को धरातल पर उतार दिया गया है, जिससे जशपुर जिले की कनेक्टिविटी और विकास को नई गति मिलेगी।
यह कॉरिडोर 627 किलोमीटर लंबा है, जिसमें से लगभग 384 किलोमीटर हिस्सा छत्तीसगढ़ से होकर गुजरता है। वर्तमान में 104.250 किलोमीटर लंबे पत्थलगांव-झारखंड सीमा खंड पर तेजी से निर्माण कार्य जारी है, जो इस परियोजना का अहम हिस्सा माना जा रहा है।
इस खंड में कुल 382 छोटी-बड़ी संरचनाओं का निर्माण किया जाएगा, जिसमें सात बड़े पुल, 30 छोटे पुल, छह फ्लाईओवर, एक एलीवेटेड वायडक्ट, 10 वेहिकुलर अंडरपास, 18 लाइट वेहिकुलर अंडरपास, 26 स्मॉल वेहिकुलर अंडरपास, 21 पैदल व मवेशी अंडरपास तथा 278 बॉक्स पुलिया शामिल हैं। इससे मार्ग पूरी तरह बाधारहित और सुरक्षित बनेगा।
परियोजना निदेशक डीडी पार्लावर के अनुसार, यह खंड रायपुर-धनबाद कॉरिडोर की रीढ़ है और इसे निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके पूरा होने से छत्तीसगढ़ और झारखंड के बीच अंतर-राज्यीय कनेक्टिविटी और व्यापारिक गतिविधियों को मजबूती मिलेगी।
जशपुर जिले के लिए यह परियोजना किसी लाइफलाइन से कम नहीं होगी। यह मार्ग पत्थलगांव, कांसाबेल, कुनकुरी, दुलदुला और जशपुर जैसे प्रमुख नगरों को सीधे जोड़ते हुए क्षेत्र के विकास को नई दिशा देगा। साथ ही, रायपुर, बिलासपुर, रायगढ़ और कोरबा जैसे औद्योगिक शहरों को झारखंड के धनबाद से जोड़कर व्यापारिक सुगमता बढ़ाएगा।
बेहतर सड़क कनेक्टिविटी से यात्रा समय, ईंधन और परिवहन लागत में कमी आएगी, वहीं दुर्घटनाओं और प्रदूषण में भी कमी होने की संभावना है। इसके साथ ही स्थानीय स्तर पर रोजगार और व्यवसाय के नए अवसर भी सृजित होंगे, जिससे जशपुर सहित पूरे क्षेत्र की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित