बारां , अगस्त 20 -- राजस्थान में बारां जिला मुख्यालय पर अपनी तरह का अनोखा विरोध प्रदर्शन देखने को मिला।

चरागाह भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराने की मांग को लेकर पिछले दो दिनों से धरने पर बैठे सहरोद गांव के किसानों ने गुरुवार को जिला कलेक्टरी परिसर में दाल-बाटी बनाकर कलेक्ट्रेट के दरवाजे पर भोग लगाया और नमन किया।

इतना ही नहीं, किसानों ने जिला कलेक्टर की सरकारी गाड़ी के समक्ष भी दाल-बाटी का भोग लगाकर अपना विरोध दर्ज कराया।

सहरोद गांव के ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र की चरागाह भूमि पर कुछ लोगों ने कथित रूप से कब्जा कर रखा है। इससे ग्रामीणों और पशुपालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। किसानों की मांग है कि प्रशासन पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करवाकर चरागाह भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराये और भूमि को उसके मूल उपयोग के लिए सुरक्षित किया जाये।

किसानों ने कहा कि वे अपनी मांग को लेकर पिछले दो दिनों से शांतिपूर्ण तरीके से धरने पर बैठे हैं, लेकिन अब तक प्रशासन की ओर से अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई है। इसी के विरोध में उन्होंने अनोखे अंदाज में दाल-बाटी का भोग लगाकर प्रशासन का ध्यान अपनी मांग की ओर आकर्षित किया।

किसानों ने चेतावनी दी कि जब तक चरागाह भूमि से अतिक्रमण हटाने की ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।

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