चम्बा , अप्रैल 02 -- उत्तराखंड में विकासखंड चम्बा की ग्राम पंचायत दिगोठी ने सामाजिक सुधार की दिशा में गुरुवार को एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए गांव को पूर्ण रूप से नशामुक्त बनाने का संकल्प लिया है।
ग्राम प्रधान सोनम नेगी की अध्यक्षता में आज आयोजित ग्राम सभा की बैठक में यह महत्वपूर्ण निर्णय सर्वसम्मति से लिया गया।
ग्रामसभा में तय किया गया कि अब गांव में आयोजित होने वाले किसी भी शादी-विवाह अथवा अन्य सामाजिक कार्यक्रमों में शराब का सेवन और परोसना पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। पंचायत ने सख्ती दिखाते हुए यह भी स्पष्ट किया कि नियम का उल्लंघन करने वाले व्यक्तियों पर 11,000 रुपये का आर्थिक दंड लगाया जाएगा।
बैठक में मौजूद ग्रामीणों ने इस पहल को समाज में सकारात्मक बदलाव की दिशा में एक मजबूत कदम बताया और इसका समर्थन किया।
ग्राम प्रधान सोनम नेगी ने कहा कि गांव की असली पहचान उसके संस्कार, परंपराओं और सामाजिक एकता से होती है। उन्होंने कहा कि नशामुक्त समाज ही आने वाली पीढ़ी को सुरक्षित और बेहतर भविष्य दे सकता है।
इस अवसर पर "शराब नहीं संस्कार" मुहिम के प्रणेता सुशील बहुगुणा ने पंचायत के इस निर्णय की सराहना करते हुए कहा कि जब समाज स्वयं बुराइयों के खिलाफ खड़ा होता है, तभी स्थायी परिवर्तन संभव होता है। उन्होंने इसे सामाजिक मूल्यों और पारिवारिक सम्मान को पुनर्स्थापित करने की दिशा में एक जनआंदोलन बताया।
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