अमृतसर , मई 20 -- पंजाब में अमृतसर के गोलबाग में बुधवार को शहीद मदनलाल ढींगरा की नयी प्रतिमा का श्रद्धा और सम्मान के साथ अनावरण किया गया।

इस अवसर पर बड़ी संख्या में समाजसेवी, शिक्षाविद, विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि और शहरवासी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य देश की आजादी के लिए अपने प्राण न्यौछावर करने वाले महान क्रांतिकारी शहीद मदनलाल ढींगरा के बलिदान को नयी पीढ़ी तक पहुंचाना रहा।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व मंत्री प्रो लक्ष्मीकांता चावला ने शहीद मदनलाल ढींगरा के जीवन, संघर्ष और देशभक्ति पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि मदनलाल ढींगरा उन महान क्रांतिकारियों में शामिल थे, जिन्होंने देश की स्वतंत्रता के लिए हंसते-हंसते अपने प्राणों का बलिदान दे दिया। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे अपने इतिहास और स्वतंत्रता सेनानियों के जीवन से प्रेरणा लें। उन्होंने कहा कि शहीद मदनलाल ढींगरा ने विदेश में रहकर भी भारत माता की आजादी का सपना नहीं छोड़ा और ब्रिटिश शासन के खिलाफ आवाज बुलंद करते हुए देश के लिए सर्वोच्च बलिदान दिया। प्रो. चावला ने कहा कि आज के समय में युवाओं को ऐसे महान सपूतों के आदर्शों को अपनाने की आवश्यकता है।

प्रो. चावला ने बताया कि उनके प्रयासों से ही पंजाब सरकार द्वारा अमृतसर के गोलबाग में शहीद मदनलाल ढींगरा स्मारक की स्थापना की गयी थी। उन्होंने पंजाब और केंद्र सरकार से मांग की कि लंदन में शहीद मदनलाल ढींगरा से संबंधित वस्तुओं को इस स्मारक में लाया जाये, ताकि लोग उनके जीवन और बलिदान के बारे में अधिक जानकारी प्राप्त कर सकें।

इस अवसर पर माला चावला, डॉ. राकेश शर्मा, प्राचार्य पुष्पराज, अनिल पाठक, पवन कुमार गोयल, कुलवंत, नीलम शर्मा, सुश्री राजपाल, धर्मेंद्र और किशोर चड्ढा सहित बड़ी संख्या में गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

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