गोरखपुर , सितम्बर 19 -- उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ की तहसील सदर इकाई ने अपनी विभिन्न लंबित एवं न्यायोचित मांगों को लेकर शनिवार को एसडीएम सदर ज्ञान प्रताप सिंह को ज्ञापन सौंपा।

तहसील अध्यक्ष अनिल राय के नेतृत्व में कार्यकारिणी के पदाधिकारियों ने शासन एवं राजस्व परिषद स्तर पर लंबित मांगों पर तत्काल प्रभावी कार्रवाई किए जाने की मांग की। संघ ने चेतावनी दी कि यदि मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो 22 सितंबर से लेखपाल अतिरिक्त हल्कों का बहिष्कार करने के साथ ही आवंटित अतिरिक्त हल्कों के बस्ते तहसील अथवा राजस्व निरीक्षक कार्यालय में जमा करेंगे।

ज्ञापन में कहा गया कि लेखपाल राजस्व प्रशासन की आधारशिला हैं और शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं, राजस्व अभिलेखों के अद्यतन, वरासत, नामांतरण, पैमाइश, ई-गवर्नेंस, आपदा प्रबंधन, कानून-व्यवस्था समेत विभिन्न कार्यों का दायित्व निभा रहे हैं। इसके बावजूद बढ़ते कार्यभार, संसाधनों की कमी, पदोन्नति में देरी, वेतन विसंगति, अतिरिक्त कार्यभार और अवकाश के दिनों में ड्यूटी जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।

संघ ने अंतर्मंडलीय स्थानांतरण की प्रक्रिया शुरू करने की मांग की। ज्ञापन के मुताबिक शासनादेश के आधार पर वर्ष 2019 में करीब 650 लेखपालों का गृह मंडल में स्थानांतरण हुआ था। इसके बाद 16 मई 2025 को राजस्व परिषद पोर्टल पर स्थानांतरण के लिए करीब 2669 लेखपालों ने आवेदन किया, लेकिन अभी तक उस पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। संघ का कहना है कि करीब 2700 लेखपाल वर्तमान में अपने गृह जनपद अथवा गृह मंडल से 400 से 800 किलोमीटर दूर कार्यरत हैं। ऐसे में स्थानांतरण के लिए ऑनलाइन पोर्टल दोबारा खोलकर प्रक्रिया पूरी करने की मांग की गई।

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