रांची , मई 16 -- झारखंड की कृषि मंत्री नेहा शिल्पी तिर्की एक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए गुमला पहुंचीं।
गुमला पहुंचने पर स्थानीय परिषद में भूमि संरक्षण विभाग, कृषि विभाग और उद्यान विभाग के अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। इस दौरान मंत्री ने अधिकारियों को किसानों के प्रति गंभीरता से कार्य करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसानों को बेहतर से बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने के लिए विभाग का हर कर्मचारी सक्रिय रूप से काम करे। किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मीडिया से बातचीत करते हुए मंत्री सुश्री तिर्की ने कहा कि गुमला जिले के लिए यह बड़ी उपलब्धि है कि जिस मडूआ की खेती को पहले गंभीरता से नहीं लिया जाता था, आज उसकी बड़े पैमाने पर खेती हो रही है और किसानों को इसका लाभ भी मिल रहा है। उन्होंने बताया कि भूमि संरक्षण विभाग द्वारा कई स्थानों पर तालाबों का निर्माण कराया गया है, जिससे किसानों को सिंचाई की सुविधा मिल रही है और पहले की तुलना में अधिक भूमि पर खेती हो रही है।
मंत्री सुश्री तिर्की ने कहा कि अब किसान परंपरागत खेती से आगे बढ़कर सब्जी, फूल और फल की खेती कर अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत कर रहे हैं। हाल ही में चैनपुर में किसान मेले का आयोजन किया गया था, वहीं गुमला में भी किसानों के बीच करोड़ों रुपये की परिसंपत्तियों का वितरण किया गया, जिससे किसानों का कृषि के प्रति रुझान बढ़ा है।
सुश्री तिर्की ने बताया कि गुमला जिले में तरबूज, खीरा समेत कई प्रकार की फल और सब्जियों की खेती हो रही है, जिससे किसानों को अच्छा आर्थिक लाभ मिल रहा है। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में किसानों को और बेहतर सुविधाएं देने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। विभाग योजनाओं को सिर्फ बनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि उन्हें जमीन पर प्रभावी तरीके से लागू करने पर भी काम कर रहा है।
सुश्री तिर्की ने यह भी कहा कि गुमला जिले में मछली पालन की अपार संभावनाएं हैं। यदि किसानों को इससे जोड़ा जाए तो उनकी आर्थिक स्थिति और मजबूत होगी तथा वे अपने बच्चों को बेहतर शिक्षा दे सकेंगे। मंत्री सुश्री तिर्की ने विश्वास दिलाया कि आने वाले दिनों में गुमला जिले में कृषि क्षेत्र में और सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेंगे।
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